कांग्रेस जिला अध्यक्ष डॉ रश्मि चंद्राकर ने बताया कि छत्तीसगढ़ की कमान संभाले मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने।

महासमुंद :- बीते चार सालों में राज्य के विकास के लिए विशेष पहल की है। चाहे बात ग्रामीण इलाकों की हो, बस्तर के आदिवासियों की हो या फिर शहरों में रहने वाले लोगों की हो। हर वर्ग के विकास के लिए भूपेश सरकार ने योजनाएं बनाई है। इन योजनाओं से प्रदेश की जनता को सारी सुख सुविधाएं मिली हैं। आज भूपेश सरकार ने प्रदेश के प्रत्येक नागरिकों की समस्याओं का निवारण किया है। खान-पान, बिजली बिल, पानी की समस्या, शिक्षा, बेरोजगारी, खेत-खलिहान, किसानों के किस्त आदि से लेकर ग्रामीणों की हर परेशानियों को दूर किया है, जिसके लिए यहां की जनता कभी सपना देखा करती थी। आज भूपेश सरकार ने अपनी विभिन्न योजनाओं से छत्तीसगढ़ वासियों को राहत दी है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की विशेष पहल से प्रदेश में सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहे हैं। हम आपको प्रदेश की खास योजनाओं के बारे में बताएंगे, जिससे आज छत्तीसगढ़ को नई पहचान मिली है।महात्मा गांधी ग्रामीण रूरल इंडस्ट्रियल पार्क महिला समूह को ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जोड़ने और आजीविका संवर्द्धन करने के लिए निर्माण कार्य कराया जा रहा हैं। राज्य सरकार ने महात्मा गांधी के गांव को आत्मनिर्भर बनाने का सपना पूरा करने के लिए इस योजना की शुरुआत की। इसके तहत गांव के परंपरागत व्यवसायियों को एक अवसर मिला है, जिससे वे अपने परंपरागत व्यवसाय के जरिए स्वयं के साथ-साथ गांव को भी आत्मनिर्भर बना सकें।2022-2023 के आंकड़ों को देखें तो इस साल राज्य में 23 लाख 41 हजार 935 किसानों ने अपना धान समर्थन मूल्य पर बेचा है। समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले किसानों की संख्या के मान से यह आंकड़ा इतना ज्यादा है कि देश के अन्य राज्य इसके आसपास भी नहीं है। 2023-2024 में प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान की समर्थन मूल्य पर खरीदी करने की घोषणा की है। सीएम भूपेश बघेल में 23 मार्च को विधानसभा में इसका ऐलान किया। सरकार के इस फैसले पर प्रदेश के किसानों का कहना है कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के इस फैसले से आने वाले समय में प्रदेश के किसान और अधिक खुशहाल बनेंगे। जब किसान खुशहाल होंगे तो प्रदेश के बाजार में पैसा आएगा और व्यापार-व्यवसाय भी बढ़ेगा।शायद ही किसी ने यह कल्पना की होगी ​कि गाय के गोबर की खरीदी होगी और इससे आम लोगों के जीवन में बदलाव होगा। लेकिन ऐसा भूपेश सरकार ने कर दिखाया है। छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने छत्तीसगढ़ में गायों की महत्ता को समझने वाले सीएम भूपेश ने छत्तीसगढ़ में 20 जुलाई 2020 को हरेली पर्व के दिन गोधन न्याय योजना की शुरुआत की थी। इस योजना के तहत 2 रुपए प्रति किलो की दर से प्रदेश के पशुपालकों से गोबर और 4 रुपए की दर से गोमूत्र की खरीदी की जा रही है। छत्तीसगढ़ में गोधन न्याय योजना के लागू होते ही कई लोगों के जीवन में सुखद परिवर्तन देखने को मिल रहा है। यहां गौठान समितियां आर्थिक रूप से सशक्त तो बन ही रही हैं, इसके साथ ही आम ग्रामीणों और गोधन की सेवा से जुड़े लोग भी आर्थिक रूप से समृद्ध हो रहे हैं।किसान पुत्र सीएम भूपेश बघेल की प्रभावशाली योजना ‘स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी-हिंदी माध्यम स्कूल’ के तहत छत्तीसगढ़ के लाखों बेटे और बेटियों की जिंदगी में शिक्षित होने के साथ सुखद बदलाव देखने को मिल रहा है। सीएम बघेल के इस प्रभावशाली योजना से अब प्रदेश का हर एक बच्चा शिक्षित होकर अपने सपने सकार कर सकता है। मुख्यमंत्री ने यह सुनिश्चित किया कि ग्रामीण और वनांचल क्षेत्रों में भी हर गांव का बच्चा अंग्रेजी शिक्षा से परिपूर्ण हो। भूपेश सरकार द्वारा शुरू की गई ‘स्वामी आत्मानंद स्कूल’ में गरीब और निम्न तबके के प्रतिभावान बच्चों के पालकों को निजी स्कूलों की महंगी फीस से काफी राहत मिली है। इन स्कूलों में कम फीस पर अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा के साथ-साथ विश्व स्तरीय सुविधाएं, बेहतर शैक्षणिक माहौल मिल रहा है। इन स्कूलो में हाईटेक सुविधाओं के साथ अत्याधुनिक लाइब्रेरी, अत्याधुनिक विज्ञान प्रयोगशालाएं, स्मार्ट क्लास, लैंग्वेज लैब, साथ ही टेनिस और बैडमिंटन सहित विभिन्न खेलों की सुविधाएं उपलब्ध करायी गयी है।छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री द्वारा प्रदेश में बिजली के बिल की समस्या को दूर करने के लिए ‘छत्तीसगढ़ बिजली बिल हाफ योजना’ की शुरूआत की गई है। इससे राज्य के लगभग 42 लाख उपभोक्ताओं को सीधा लाभ मिल रहा है। राज्य में इस योजना ने अब तक लगभग 2500 करोड़ की बिजली उपभोक्ताओं को उसके बिलों में राहत दी गई है। सस्ते दर पर विद्युत की उपलब्धता से जहां उपभोक्ताओं को बढ़ती महंगाई से राहत मिल रही है। बता दें कि छत्तीसगढ़ में 1 मार्च 2019 से बिजली बिल हाफ योजना लागू की गई है। इससे उपभोक्ताओं को 400 यूनिट तक बिजली की खपत पर 50 प्रतिशत की छूट मिल रही है। बात करें एकल बत्ती कनेक्शन योजना की तो इसमें गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले परिवारों को हर महीने 30 यूनिट बिजली निःशुल्क दी जा रही है।छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा चलाई जा रही महत्वाकांक्षी गोधन योजना को की चर्चा आज पूरे देश में हो रही है। इस योजना को कई बार राष्ट्रीय अवॉर्ड मिल चुका है। स्कॉच ग्रुप द्वारा छत्तीसगढ़ की गोधन न्याय योजना को 20 मार्च 2021 को नई दिल्ली में ’स्कॉच गोल्ड अवॉर्ड ’ मिला था। इसके साथ ही एलेट्स एनोवेशन अवॉर्ड, 20वां कम्प्यूटर सोसायटी ऑफ इंडिया स्पेशल इंटरेस्ट ग्रुप ई-गवर्नेंस अवॉर्ड 2022 भी इस योजना को मिला है। इसके साथ साथ लोकसभा में कृषि मामलों की स्थायी समिति ने सदन में प्रस्तुत अपनी रिपोर्ट में गोधन न्याय योजना की तारीफ थी।