अदरक का इस्तेमाल करने से कौन सा फायदा या नुकसान होता है आइए जानते हैं।

राजिम:- अदरक का इस्तेमाल प्राचीन काल से खाना पकाने और दवा बनाने में होता आया है। यह कई स्वास्थ्य समस्याओं के लिए एक लोकप्रिय घरेलू उपचार है। आमतौर पर लोग खाना पकाने या हर्बल चाय में ताजा या सूखी अदरक का उपयोग करते हैं और वहीँ कुछ लोग अपने बेहतर स्वस्थ्य के लिए अदरक के फायदे उठाते हैं। अदरक की जड़ “जिंजिबर ओफ्फिसिनेल” पौधे से निकाली जाती है। इसका उपयोग चीन और भारतीय चिकित्सा पद्यति में हजारों वर्षों से किया जाता रहा है। अदरक नोज़िआ और उल्टी को दूर करने और डाइजेशन में सहायक होती है। अदरक की जड़ में एंटीऑक्सिडेंट और अन्य पोषक तत्व गठिया, सूजन और विभिन्न प्रकार के इन्फेक्शन को रोकने या उसका इलाज करने में मदद करते हैं। अदरक मधुमेह, कैंसर और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं के जोखिम को भी कम कर सकती है। अदरक में एंटी-इंफ्लेमेटरी, एंटीबैक्टीरियल और एंटीवायरल गुण होते हैं। अदरक का पानी पीने के फायदे भी होते हैं। यहाँ आपको अदरक के और भी अन्य संभावित स्वास्थ्य लाभों के बारे में जानकारी दी जा रही है।

अदरक के फायदे –पाचन को मजबूत करे अदरक खाने के फायदे कई हैं, जिनमें पाचन प्रक्रिया में सुधार भी शामिल है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित एक शोध से यह बात प्रमाणित होती है। शोध में माना गया कि अदरक कब्ज, पेट दर्द, पेट की ऐंठन, मरोड़ व गैस जैसी कई समस्याओं से राहत दिलाने में सहायक साबित हो सकता है। वहीं, यह अपच की समस्या को ठीक करने में भी मददगार हो सकता है । इस आधार पर यह माना जा सकता है कि अदरक के फायदे पेट के लिए प्रभावी हैं। साथ ही यह पाचन को मजबूत बनाने का भी काम कर सकता है।
इसका डॉक्टरी परामर्श पर इलाज किया जाना अनिवार्य है।

अल्जाइमर में पहुंचाए लाभ अल्जाइमर दिमाग से संबंधित एक तंत्रिका विकार है, जिसमें बढ़ती उम्र के साथ लोगों में भूलने की समस्या देखी जाती है। अदरक का उपयोग कर इस समस्या के बढ़ते प्रभाव को काफी हद तक नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है। इस बात को अदरक से संबंधित एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित एक शोध में भी स्वीकार किया गया है। शोध में माना गया कि अदरक में जिंजरोल, शोगोल और जिंजरोन जैसे कई फाइटोकेमिकल्स मौजूद होते हैं, जो दिमाग को संदेश पहुंचाने वाले न्यूरोन की प्राकृतिक क्षति को रोकने में मदद कर सकते हैं। इससे अल्जाइमर की समस्या में काफी हद तक राहत मिल सकती है । इस आधार पर यह माना जा सकता है कि अदरक का उपयोग कर अल्जाइमर के प्रभाव को कुछ हद तक नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है।

मतली व उल्टी में पहुंचाए आराम मतली व उल्टी की समस्या में भी जिंजर के फायदे हासिल किए जा सकते हैं। यह बात इंटीग्रेटिव मेडिसिन इनसाइट्स द्वारा किए गए एक शोध से प्रमाणित होती है। शोध में पाया गया कि अदरक में एंटीएमेटिक (मतली और उल्टी के आभास को कम करने वाला) प्रभाव पाया जाता है। इस प्रभाव के कारण अदरक मुख्य रूप से गर्भावस्था और कीमोथेरेपी के बाद होने वाली मतली की समस्या से राहत दिला सकता है । ऐसे में यह कहा जा सकता है कि अदरक का उपयोग कर मतली व उल्टी की समस्या से राहत पाने में मदद मिल सकती है।
मासिक धर्म के दर्द को नियंत्रित कर सकता है । इन दोनों तथ्यों को देखते हुए यह कहना गलत नहीं होगा कि अदरक के औषधीय गुण मांसपेशियों में खिंचाव, तनाव व सूजन के कारण होने वाले दर्द को कम करने में मदद कर सकते हैं।

माइग्रेन के लिए- लेख में ऊपर आपको बताया जा चुका है कि अदरक में दर्दनिवारक गुण मौजूद होते हैं। यही दर्दनिवारक गुण माइग्रेन की समस्या भी सहायक साबित हो सकता है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित अदरक से संबंधित एक शोध में इस बात का जिक्र मिलता है। शोध में माना गया कि अदरक का रस माइग्रेन के तीव्र दर्द को नियंत्रित कर आराम पहुंचाने का काम कर सकता है । ऐसे में यह कहा जा सकता है कि माइग्रेन पीड़ित के लिए अदरक का सेवन लाभदायक साबित हो सकता है।इसका डॉक्टरी परामर्श पर इलाज किया जाना अनिवार्य है।

अल्जाइमर में पहुंचाए लाभ-अल्जाइमर दिमाग से संबंधित एक तंत्रिका विकार है, जिसमें बढ़ती उम्र के साथ लोगों में भूलने की समस्या देखी जाती है। अदरक का उपयोग कर इस समस्या के बढ़ते प्रभाव को काफी हद तक नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है। इस बात को अदरक से संबंधित एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित एक शोध में भी स्वीकार किया गया है। शोध में माना गया कि अदरक में जिंजरोल, शोगोल और जिंजरोन जैसे कई फाइटोकेमिकल्स मौजूद होते हैं, जो दिमाग को संदेश पहुंचाने वाले न्यूरोन की प्राकृतिक क्षति को रोकने में मदद कर सकते हैं। इससे अल्जाइमर की समस्या में काफी हद तक राहत मिल सकती है। इस आधार पर यह माना जा सकता है कि अदरक का उपयोग कर अल्जाइमर के प्रभाव को कुछ हद तक नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है।

अदरक के नुकसान–अधिक सेवन के कारण अदरक के नुकसान भी देखने को मिल सकते हैं, जो कुछ इस प्रकार हैं। अदरक में ब्लड शुगर कम करने का गुण होता है, इसलिए डायबिटीज की दवा लेने वालों में इसका अधिक सेवन अदरक के नुकसान के तौर पर लो ब्लड शुगर का कारण बन सकता है।
विशेषज्ञों के मुताबिक अदरक खून को पतला करने का भी काम कर सकता है। इस कारण कुछ महिलाओं को इसके अधिक सेवन से मासिक धर्म में अधिक रक्त स्त्राव की समस्या हो सकती है। यह ब्लड प्रेशर को कम करने का काम कर सकता है, इसलिए ब्लड प्रेशर कम करने वाली दवा लेने वाले लोगों को इसके सेवन में सावधानी बरतनी चाहिए।
वैसे तो यह त्वचा के लिए फायदेमंद है, लेकिन कुछ विशेष खाद्य से एलर्जी की समस्या वाले लोगों में अदरक के नुकसान के तौर पर कुछ एलर्जिक प्रभाव देखे जा सकते हैं।