खेती……..

बड़ा मुश्किल हे भईया
करना आजकल खेती
जोन करत हे
करत हे अपन सेती ,,
दवाई दारू के कीमत भारी
लागत लग जावत हे सारी
नागर बक्खर रापा कुदारी
जोताई फंदाई आरी पारी
फेर किसान के
जमत नई हे नेति ,
बड़ा मुश्किल हे भईया
करना आजकल खेती
जोन करत हे
करत हे अपन सेती,,

बैला नागर के दिन नंदागे
भैंसा गाड़ी के दिन पहागे
नागर बत्तर बियासी नंदागे
ट्रैक्टर रोटो के फांदा फंदागे
आधुनिकता में समय
फिसलत हे जैसे हाथ से रेती ,
बड़ा मुश्किल हे भईया
करना आजकल खेती
जोन करत हे
करत हे अपन सेती,,

बादर तको मुहु लुकाथे
कभु अदर कचर पानी गिराथे
किसान मन ला नाटेर देथे
लहू के आंसू तको रोवाथे
हलाकन हो जाथे किसानों हा
वोहू देखे कती कती ,
बड़ा मुश्किल हे भईया
करना आजकल खेती
जोन करत हे
करत हे अपन सेती,,

लोकेश वैष्णव (कलमकार)
छुरा नगर