राजिम :- स्वाद और सेहत के हिसाब से दालें महत्वपूर्ण हैं। इन्हीं दालों में से एक है मूंग की दाल। मूंग दाल दो प्रकार की होती हैं, पहली हरी (छिलका सहित) और दूसरी पीली मूंग दाल। इसके अलावा, साबुत मूंग दाल का उपयोग भी किया जाता है। जहां एक ओर मूल रूप से इसका सेवन एशिया, यूरोप और अमेरिका में किया जाता है, वहीं भारत में मूंग दाल मुख्य भोजन का हिस्सा होने के साथ-साथ हमें स्वस्थ रखने में भी अहम भूमिका निभाती है।
मूंग दाल आपकी सेहत के लिए क्यों अच्छी है?
मूंग दाल फाइबर और प्रोटीन का एक अच्छा स्रोत है, इसके सेवन से हंगर हार्मोन प्रभावित होता है, जो भूख को नियंत्रित करता है। मूंग दाल का सेवन विशेष रूप से सूप और स्प्राउट के रूप में किया जा सकता है। मूंग दाल को स्प्राउट्स के तौर पर लेने से उसकी पौष्टिकता बढ़ जाती है। यह फाइबर से तो भरपूर होते ही हैं, साथ ही यह कंप्लीट प्रोटीन हैं। वहीं, डॉक्टर भी इसके सेवन की सलाह देते हैं। इसके पीछे मुख्य कारण है, इस दाल में पाए जाने वाले पोषक तत्व। मूंगदाल में प्रचुर मात्रा में पोषक तत्व होते हैं। इसमें सेहत के लिए जरूरी फ्लेवोनोइड्स, फेनोलिक एसिड, कार्बनिक एसिड, अमीनो एसिड, कार्बोहाइड्रेट और लिपिड जैसे पोषक तत्वों की अच्छी मात्रा पाई जाती है। इसके अलावा, मूंग दाल में एंटीऑक्सीडेंट, एंटीमाइक्रोबियल, एंटीइंफ्लेमेटरी, एंटीडायबिटिक, एंटीहाइपरटेंसिव और एंटीट्यूमर गुण पाए जाते हैं, जो कई बीमारियों को दूर करने में मददगार हो सकते हैं ।
मूंग दाल के फायदे – मूंग दाल का सेवन किस प्रकार शारीरिक समस्याओं पर अपना सकारात्मक प्रभाव छोड़ सकता है। मूंग की दाल किसी भी बीमारी का इलाज नहीं है। यह केवल समस्या के प्रभाव को कुछ हद तक कम करने में मददगार हो सकती है।

हड्डियों को मजबूत बनाएं :- मूंग दाल कैल्शियम से भरपूर होता है। इसके नियमित सेवन से हड्डियां स्वस्थ हो सकती हैं। अगर फ्रैक्चर की समस्या हो, तो डाइट में मूंग दाल जरूर शामिल करें, यह ठीक करने में मदद कर सकती है।
आंखों को रखें स्वस्थ :- मूंग दाल में विटामिन-सी, विटामिन-बी5 और विटामिन-बी6 पाया जाता है। यह आंखों के स्वास्थ्य के लिए बेहतर विकल्प साबित हो सकता है। इसमें मौजूद विटामिन-सी रेटिना को सही रखने में मदद करता है।
बालों के लिए फायदेमंद :- मूंग दाल में मौजूद कॉपर बालों की जड़ों को मजबूती प्रदान करता है। चाहें तो आप मूंग दाल का पेस्ट बालों पर लगा सकते हैं। जिससे बाल घने, लम्बे और चमकदार हो सकते हैं।
त्वचा के लिए लाभदायक :- मूंग दाल स्किन के लिए भी बहुत लाभकारी है। इसके नियमित सेवन से त्वचा संबंधी परेशानियां दूर हो सकती हैं। अगर आप डेली डाइट में मूंग दाल का सेवन करते हैं, तो चेहरे की झुर्रियां, दाग-धब्बे आदि कम हो सकते हैं।

एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर :- यह तो हम ऊपर बता ही चुके हैं कि मूंग दाल में एंटीऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं। इसके अलावा, मूंग की दाल में कुछ फ्लेवोनॉयड्स पाए जाते हैं, जो एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होते हैं। ये गुण ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को दूर करने में मदद कर सकते हैं । ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस के कारण कारण, डायबिटीज, हृदय रोग जैसी समस्याएं हो सकती हैं। एक अन्य शोध में पाया गया है कि मूंग के सूप में पाया जाने वाला एंटीऑक्सीडेंट गुण गर्मी के कारण होने वाले तनाव को भी दूर करने में कारगर हो सकता है ।
हीट स्ट्रोक को दूर करने में मददगार :- अधिक गर्मी, डिहाइड्रेशन के कारण हीटस्ट्रोक की समस्या हो सकती है। यह समस्या आमतौर पर गर्मियों के मौसम में होती है। अधिक गर्मी के कारण और द्रव्य पदार्थों के कम सेवन से शरीर में पानी की कमी हो जाती है और इससे हीटस्ट्रोक का खतरा हो सकता है। चूहों पर किए गए शोध में पाया गया कि मूंग दाल में विटेक्सिन और आइसोविटेक्स नामक घटक पाए जाते हैं, जिनमें एंटीऑक्सीडेंट प्रभाव मौजूद होता है। इस गुण के कारण हीटस्ट्रोक के खतरे को दूर करने में मदद मिल सकती है। इसलिए, गर्मी के मौसम में मूंग दाल का सूप पीना फायदेमंद हो सकता है ।
कोलेस्ट्रॉल को कम करने में फायदेमंद :- मूंग की दाल में हाइपोकोलेस्ट्रोलेमिया यानी कोलेस्ट्रॉल को कम करने का प्रभाव पाया जाता है। इस प्रभाव के कारण मूंग की दाल रक्त में माैजूद कुल कोलेस्ट्रॉल और एलडीएल (खराब) कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम कर सकती हैं। इस आधार पर यह कोलेस्ट्रॉल को बढ़ने से रोकने के साथ ही इसके स्तर काे कम करने में फायदेमंद हो सकते हैं।
रक्तचाप को नियंत्रित करे :- मूंग दाल रक्तचाप को भी नियंत्रित करने में मदद कर सकती है। एनसीबीआई की वेबसाइट पर प्रकाशित चूहों के ऊपर किए गए शोध में पाया गया कि इसमें एंटीहाइपरटेंसिव गुण पाया जाता है। मूंग दाल में पाया जाने वाला यह गुण रक्तचाप को नियंत्रित करने के साथ-साथ उसे बढ़ने से रोकने और उससे होने वाली स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को दूर करने में मदद कर सकता है ।
गर्भावस्था में फायदेमंद :- गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को भरपूर मात्रा में फोलेट युक्त खाद्य पदार्थ खाने की सलाह दी जाती है। वहीं, भ्रूण के विकास के लिए भी फोलेट जरूरी है। गर्भावस्था के समय फोलेट की कमी होने से मां और शिशु दोनों को समस्या हो सकती है। वहीं, शोध में पाया गया है कि 100 ग्राम मूंगदाल में 625 माइक्रोग्राम फाेलेट की मात्रा पाई जाती है, जो गर्भावस्था के दौरान जन्म दोष को दूर करने के साथ ही पोषण में फायदेमंद हो सकती है । वहीं, अगर मूंग दाल से बने कच्चे स्प्राउड्स का सेवन किया जाता है, तो इससे पेट खराब होने की आशंका हो सकती है। इस कारण गर्भावस्था में कच्चे स्प्राउट्स की जगह स्प्राउट उबालकर खाना बेहतर हो सकता है ।

पाचन में सुधार करने के लिए :- मूंग दाल अन्य दालों की तुलना में हल्की और आसानी से पचने योग्य होती है। यह शरीर में फैटी एसिड ब्यूटेरेट के उत्पादन को बढ़ाती है, जो पाचन में मदद करता है और शरीर में गैस को बनने से रोक सकता है। इसके अलावा मूंग में फाइबर और प्रोटीन की मात्रा पाई जाती है, जो पाचन तंत्र को ठीक रखने के लिए जरूरी हैं। इसके अलावा, इसमें पाए जाने वाले अन्य घटक जैसे कि ट्रिप्सिन इन्हिबिटर्स हीमगलगुटिनिन , टैनिन और फाइटिक एसिड भी पाचन तंत्र काे ठीक करने के साथ ही शरीर में मौजूद टॉक्सिक पदार्थों को बाहर निकालने में फायदेमंद हो सकते हैं । वहीं, फाइटिक एसिड एक एंटीन्यूट्रियंट की तरह भी काम कर सकता है, यानी यह शरीर में मिनरल्स के अवशोषण को रोक सकता है। साथ ही स्प्राउटिंग, सोकिंग और कूकिंग के प्रभाव को भी कम कर सकता है। वहीं, नींबू का रस फाइटिक एसिड के प्रभाव को कम करने में मदद कर सकता है, इसलिए स्प्राउट या दाल बनाते समय नींबू का रस मिला लेना चाहिए। यह टेस्ट और स्वास्थ्य दोनों को बढ़ाने में मदद कर सकता है।
मूंग दाल का उपयोग – मूंग दाल का उपयोग कई प्रकार से किया जा सकता है। यहां हम इसके कुछ आसान उपयोगों के बारे में बता रहे हैं।

- मूंग दाल का उपयोग आमतौर पर स्प्राउट बनाने के लिए किया जाता है।
- मूंग दाल से जायकेदार दाल बनाई जा सकती है।
- मूंग दाल का उपयोग फेस मास्क बनाने के लिए कर सकते हैं।
- बालों के लिए भी मूंग दाल के फायदे देखे गए हैं।
- इसका उपयोग हेयर मास्क के रूप में भी किया जा सकता है।
- दक्षिण भारत में इसका उपयोग सांभर और चटनी बनाने के लिए किया जाता है।
- मूंग दाल का उपयोग करके स्वादिष्ट हलवा व अन्य मिठाई बनाई जा सकती हैं।
मात्रा: प्रतिदिन 100 ग्राम तक मूंग दाल का सेवन किया जा सकता है। इसके अलावा, एक कटोरी मूंग दाल स्प्राउट का सेवन कर सकते हैं। बेहतर होगा कि आप एक बार डॉक्टर या आहार विशेषज्ञ से जरूर पूछ लें कि आपके स्वास्थ्य के अनुसार दिनभर में कितनी मूंग की दाल खाई जा सकती है।
मूंग दाल के नुकसान – मूंग दाल के लाभ के साथ-साथ मूंग दाल के नुकसान भी देखे गए हैं। यहां हम इससे होने वाले नुकसान के बारे में बता रहे हैं।
- मूंग दाल का उपयोग लो शुगर की समस्या वालों के लिए नुकसानदायक हो सकता है। इसमें मौजूद एंटीडायबिटिक गुण रक्त में मौजूद शुगर के स्तर को कम कर सकता है। इससे यह हानिकारक प्रभाव दिखा सकता है ।
- जिन लोगों की त्वचा संवेदनशील होती है या फिर जिन्हें एलर्जी की समस्या होती उनके लिए मूंग दाल से बना फेस मास्क हानिकारक हो सकता है।
- इसमें एंटीहाइपरटेंसिव गुण होता है। इसलिए, अगर किसी का रक्तचाप पहले से कम है, तो इस अवस्था में मूंग दाल के सेवन से समस्या और बढ़ सकती है ।
