सुरेन्द्र मिनोचा
मनेंद्रगढ़/एमसीबी :- कहते हैं कि प्रतिभा किसी की मोहताज नहीं होती, बस जरूरत है उसे निखारने की, इसी को देखते हुऐ लिटिल मिलेनियम प्री स्कूल व अलास्का पब्लिक स्कूल में बच्चों के अंदर छुपे टैलेंट को निखारने के लिऐ दिनांक 24/04/2024 से 30/04/2024 तक छः दिन के समर कैंप का आयोजन किया गया।लिटिल मिलेनियम प्री स्कूल एवं अलास्का पब्लिक स्कूल में समर कैंप के जरिए इस छः दिनों के कैंप में विभिन्न प्रकार की गतिविधियों जैसे मेमोरी गेम, नो फ्लेम कुकिंग, आर्ट एंड क्राफ्ट, ग्रॉस मोटर एक्टिविटी, पपेट शो, पूल पार्टी, आइसक्रीम पार्टी आदि का आयोजन हुआ।

कैंप के पहले दिन जुंबा डांस एवं ब्रेन गेम की एक्टिविटी सभी बच्चों को कराई गई एवं बच्चों को पर्सनालिटी डेवलपमेंट में अपना परिचय अंग्रेजी में देना सिखाया गया। दूसरे दिन कैंप में बच्चों को नो फ्लेम कुकिंग करना सिखाया गया,जिससे कि बच्चे बिना आग के कुकिंग करके अपने लिए स्वादिष्ट व्यंजन तैयार कर सकें जैसे सैंडविच,पीनट चाट,मोजिटो ड्रिंक, पापड़ मसाला इत्यादि। कैंप के तीसरे दिन बच्चों को आर्ट एवं क्राफ्ट की एक्टिविटी सिखाई गई, जिसमें बच्चों ने एरोप्लेन, एंग्री बर्ड, एक्यूरियम फिश व पेपर बास्केट बनाना सीखा, जिससे कि बच्चो की फाइन मोटर स्किल में सुधार आ सके। इसी कड़ी में चौथे दिन के समर कैंप में ग्रॉस मोटर एक्टीविटी कराई गई , जिसमे बच्चों ने फिजिकल एक्टिविटी के द्वारा थ्रो द बॉल, बैलेंस द बुक, बैलेंस द बॉल, ऑप्सटिकल कोर्स, बाउंसिंग बलून, ड्रैगिंग विथ बॉल, कंसंट्रेशन जैसी एक्टिविटी की।

वहीं कैंप के पांचवें दिन बच्चों के सामने पपेट शो कराया गया, जिसका नैतिक मूल्य काइंडनेस(दयालुता) था,जिसमें बच्चों ने उत्साह के साथ पपेट शो का आनंद लिया।इस कहानी के जरिए बच्चों ने अच्छी बातें सीखी। साथ ही साथ आइसक्रीम पार्टी का भी आयोजन कराया गया। जिसमें बच्चों ने अपने क्लासमेट्स वह अन्य बच्चों के साथ मिलकर अपनी चीजों को खाना सीखा, जिसमें बच्चों के अंदर का हेसिटेशन कम हुआ और सभी ने मिलजुल कर पार्टी का आनंद लिया।

कैंप के अंतिम दिनांक 30.4.2024 को स्कूल में पुरस्कार वितरण के साथ-साथ पूल पार्टी का आयोजन संपन्न किया गया। जिसमें सभी बच्चे जिन्होंने इस 6 दिन के समर कैंप में हिस्सा लिया था। उन्हें सर्टिफिकेट व उपहार दिया गया। बच्चे उपहार पाकर बहुत खुश नजर आए।ऐसे ही समर कैंप में बच्चों के भाग लेने से उनमें आत्मनिर्भरता आती है।छुपा हुआ टैलेंट बाहर आता है। शारीरिक व मानसिक विकास होता है। नई-नई चीज़ सीखने को मिलती हैं।

विद्यालय के संचालक मोहम्मद फिरोज व उनकी सहायक टीम इलियास खान, निशि विश्वकर्मा, स्मृति गुप्ता, नेहा यादव, रोहिणी, शबनम अंसारी, तेजस्विनी, तस्लीम, माधवी एवं अन्य सहकर्मी उमा तिवारी, शांति जायसवाल, सुशीला ने इस कार्यक्रम को सफल बनाने में अपना सहयोग प्रदान किया।
