काजू जितना स्वादिष्ट है, उससे कहीं ज्यादा यह सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है।

राजिम:- ड्राई फ्रूट्स की बात हो और काजू का जिक्र न हो, ऐसा तो हो ही नहीं सकता। भारत में अलग-अलग स्थानों पर इसका उपयोग विभिन्न तरीकों से किया जाता है। इसका उपयोग कहीं मीठे पकवान, तो कहीं मसालेदार व्यंजनों का जायका बढ़ाने के लिए किया जाता है। यहां आपको बता दें कि काजू का इस्तेमाल सिर्फ खाने भर तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका प्रयोग शरीर की कई समस्याओं से निजात दिलाने के लिए किया जा सकता है।

काजू एनर्जी से भरपूर प्रोटीन और फैट का बेहतरीन स्रोत है, यह तुरंत ऊर्जा प्रदान कर सकता है । इसलिए, बढ़ती उम्र के बच्चों और खिलाड़ियों को इसका सेवन जरूर करना चाहिए। काजू को एनर्जी का पावर हाउस भी कहते हैं। यह जितना स्वादिष्ट है, उससे कहीं ज्यादा यह सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है। आइए जानते हैं सेहत के लिए काजू के फायदे।

हृदय स्वास्थ्य के लिए काजू :- काजू को नट्स की श्रेणी में रखा जाता है और नट्स शरीर को कई रूपों में फायदा पहुंचाने का काम करते हैं। हृदय के स्वास्थ्य को बरकरार रखने के लिए भी नट्स महत्वपूर्ण माने जाते हैं। इनमें बायोएक्टिव मैक्रोन्यूट्रिएंट्स मौजूद होते हैं, जो हृदय को स्वस्थ रखने का काम कर सकते हैं।

कैंसर:- कैंसर जैसी घातक बीमारी से बचाव में भी काजू मददगार हो सकता है। दरअसल, काजू के अर्क में एनाकार्डिक एसिड पाया जाता है। एनाकार्डिक एसिड कैंसर मेटास्टेसिस (शरीर में कैंसर फैलने की प्रक्रिया) को रोकने में मदद कर सकता है (3)।ध्यान रहे कि काजू का सेवन कैंसर की समस्या से छुटकारा नहीं दिला सकता है। इसका सेवन सिर्फ कैंसर से बचने के लिए स्वस्थ डाइट के रूप में किया जा सकता है। अगर कोई कैंसर से पीड़ित है, तो उसका डॉक्टरी इलाज जरूरी है।

रक्तचाप में सुधार के लिए काजू खाने के फायदे
रक्तचाप को नियंत्रित करने में भी काजू की भूमिका देखी जा सकती है। एक वैज्ञानिक शोध के अनुसार, काजू से बना सप्लीमेंट सिस्टोलिक ब्लड प्रेशर को कम सकता है। फिलहाल, इस पर अभी और शोध की आवश्यकता है।

अच्छे पाचन तंत्र के लिए काजू के फायदे :- काजू खाने से पाचन-तंत्र मजबूत होता है, क्योंकि इसमें फाइबर की अच्छी मात्रा पाई जाती है । फाइबर पाचन को ठीक रखकर कब्ज और अल्सर जैसी समस्याओं से छुटकारा दिलाने में मदद कर सकता है । साथ ही इस बात का भी ध्यान रखना चाहिए कि काजू का अधिक मात्रा में सेवन कब्ज और गैस की समस्या पैदा कर सकता है। विशेषकर, जिनकी फिजिकल एक्टिविटी ना के बराबर होती है, उन्हें काजू का सेवन कम ही करना चाहिए।

हड्डियों के विकास के लिए काजू के फायदे :- काजू में मैग्नीशियम और कैल्शियम की अच्छी मात्रा होती है। कैल्शियम और मैग्नीशियम हड्डियों के विकास के साथ ही उन्हें मजबूती प्रदान करने में मदद करते हैं। काजू में मौजूद मैग्नीशियम ऑस्टियोपोरोसिस () जैसी बीमारियों की रोकथाम में मदद कर सकता है। इस बीमारी के कारण हड्डियां कमजोर और नाजुक हो जाती हैं ।

स्वस्थ दिमाग के लिए काजू खाने के फायदे :-जैसा कि हम पढ़ चुके हैं कि काजू में मैग्नीशियम की अच्छी मात्रा होती है । मैग्नीशियम मस्तिष्क के रक्त प्रवाह में सहायक होता है और साथ ही मस्तिष्क की चोट को दूर करने में मैग्नीशियम का महत्वपूर्ण कार्य हो सकता है। इसके अलावा, मैग्नीशियम में एंटीडिप्रेसेंट गुण होते हैं, जो अवसाद को दूर करने में मदद कर सकते हैं। इस प्रकार काजू में मौजूद मैग्नीशियम दिमाग के स्वास्थ के लिए भी लाभदायक हाे सकता है ।

वजन के संतुलन में काजू के फायदे :- काजू में मैग्नीशियम की अच्छी मात्रा पाई जाती है, जो कि फैट और कार्बोहाइड्रेट के मेटाबॉलिज्म को बढ़ाती है। इसके अलावा, काजू में पाया जाने वाला फाइबर शरीर के वजन को नियंत्रित करने में सहायक हो सकता है । दरअसल, फाइबर कैलौरी के सेवन को कम करता है। इसके अलावा, काजू में कैलोरी की मात्रा के साथ ही फैट और प्रोटीन की मात्रा भी ज्यादा होती है। इसलिए, पेट को देर तक भरा रखने का काम कर सकता है। इस कारण अतिरिक्त भोजन लेने की आदत में सुधार हो सकता है, जिससे वजन को नियंत्रित रखने में मदद मिल सकती है । इस बात का ध्यान रहे कि जो लोग पहले से ही मोटापे की समस्या से जूझ रहे हैं, उन्हें काजू का सेवन नहीं करना चाहिए।

डायबिटीज़  में फायदेमंद :- काजू में कई पोषक तत्व होते हैं, जिनमें से एक है मैग्नीशियम। मैग्नीशियम को डायबिटीक फ्रेंड भी कहा जाता है, जो रक्त में मौजूद ग्लूकोज को स्टैबलाइज करने में मददगार हो सकते हैं। रक्त में मौजूद ग्लूकोज को स्टैबलाइज करने से डायबिटीज को नियंत्रित किया जा सकता है ।

रक्त को स्वस्थ रखता है :- काजू आयरन और कॉपर का अच्छा स्रोत है । आयरन स्वस्थ लाल रक्त कोशिकाओं को बढ़ाने में मदद करता है, जो शरीर में ऑक्सीजन को पहुंचाने में मदद करता है। आयरन रेड ब्लड सेल्स के उत्पादन को बढ़ाकर एनीमिया जैसे रक्त विकार को दूर करने का काम भी कर सकता है ।

गर्भावस्था के लिए :- काजू में कई पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो गर्भावस्था में आवश्यक हो सकते हैं। जैसे इसमें पाया जाने वाला कैल्शियम और मैग्नीशियम । कैल्शियम गर्भवती महिला के स्वास्थ के साथ ही भ्रूण की हड्डियों के विकास के लिए जरूरी होता है । मैग्नीशियम जन्म के समय शिशु के वजन में कमी और गर्भवती के रक्तचाप को रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है ।

स्वस्थ मसूड़े और दांत के लिए काजू खाने के फायदे :- दांतों के लिए कैल्शियम सबसे महत्वपूर्ण पोषक तत्व माना जाता है। कैल्शियम दांतों के विकास और उनकी मजबूती बनाए रखने का काम करता है। शरीर में इस खास तत्व की कमी दांत टूटने से लेकर कई अन्य समस्याओं का कारण बन सकती है। क्योंकि काजू में कैल्शियम की मात्रा पाई जाती है ।

गॉल ब्लैडर की पथरी :- काजू में मौजूद फाइबर गॉल ब्लैडर की पथरी की समस्या से बचाव करने में मददगार हो सकता है । गॉल ब्लैडर की पथरी के लिए मोटापा और तेजी से वजन घटना जोखिम कारक हैं। फाइबर से भरपूर आहार पित्ताशय पथरी को रोकने में मददगार साबित हो सकते हैं । हालांकि, काजू का सेवन इस बीमारी का इलाज नहीं है, इसलिए इस समस्या के इलाज के लिए डाॅक्टर से संपर्क करना भी जरूरी है।

एंटीऑक्सीडेंट :- काजू में पाए जाने वाले पोषक तत्वों में एंटीऑक्सीडेंट गुण होता है । एंटीऑक्सीडेंट स्वास्थ्य के लिए जरूरी माना जाता है, क्योंकि यह कैंसर से बचाव कर सकता है और हृदय के साथ संपूर्ण शरीर को स्वस्थ रखने का काम कर सकता है ()।
काजू का उपयोग – स्वाद और सेहत में भरपूर काजू का उपयोग आप कई प्रकार से कर सकते हैं, जैसे :

  • आप काजू को जब मन करे सीधे खा सकते हैं।
    काजू कतली जैसी मिठाइयों में इसका उपयोग होता है।
  • काजू को बादाम के साथ भून कर, इसमें थोड़ा-सा नमक मिलाकर स्नैक्स के रूप में खा सकते हैं।
  • काजू को खीर और हलवे में टॉपिंग के रूप में इस्तेमाल कर सकते हैं।
  • इसका उपयोग कुछ खास तरह की सब्जियां बनाते समय भी किया जा सकता है।

काजू के नुकसान –किसी भी वस्तु का उपयोग एक सीमित मात्रा में करना चाहिए, तभी उसका फायदा हो सकता है। ठीक ऐसे ही हमें जानना चाहिए कि काजू कैसे खाया जाए। काजू का सीमित मात्रा में किया गया उपयोग ही फायदेमंद है। अधिक मात्रा में किया गया इसका उपयोग नकारात्मक परिणाम दे सकता है। आइए जानते हैं काजू के नुकसान को।

  • काजू में सोडियम की मात्रा पाई जाती है। अगर आप जरूरत से ज्यादा काजू खाते हैं, तो शरीर में सोडियम की मात्रा बढ़ सकती है, जिससे उच्च रक्तचाप, स्ट्रोक और हृदय से संबंधित बीमारियां हो सकती हैं। साथ ही किडनी पर भी प्रभाव पड़ सकता है ।
  • काजू में उच्च मात्रा में कैलोरी होती है । वैसे ताे कैलोरी आपके स्वास्थ के लिए ठीक है, लेकिन अधिक मात्रा में इसका सेवन करने से आपका वजन बढ़ सकता है ।
  • काजू में फाइबर पाया जाता है । फाइबर स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होता है, लेकिन काजू के रूप में बहुत ज्यादा फाइबर का सेवन पेट में सूजन और गैस का कारण बन सकता है ।
  • काजू पोटेशियम से समृद्ध होता है । अधिक काजू के सेवन से ज्यादा पोटैशियम हमारे शरीर में पहुंच सकता है, जिस कारण दिल का धड़कना अचानक बंद हो जाना, कमजोरी और किडनी में खराबी जैसी अवस्था हो सकती है ।