प्रदेश के बुजुर्ग मंत्री कांग्रेस नेता कवासी लखमा ने आगामी विधानसभा चुनाव में टिकट को लेकर बड़ा बयान दिया है।

रायपुर :- उन्होंने कहा कि टिकट वितरण एक प्रकिया है। यदि कोई मानक कहता है कि उसका टिकट पक्का है तो यह गलत है। टिकट की ट्रेडमार्क तो मेरी भी नहीं है। उनके इस बयान के आने के बाद बीजेपी नेता भी चुटकी ले रहे हैं। कि ये मेरा मामला नहीं है। टिकट बदलने या नहीं बदलने का मामला हैकमान का है। मैं पार्टी का प्रदेश अध्यक्ष नहीं हूं। मैं कोई चार्ज नहीं हूं। इसलिए मैं कह रहा हूं कि कांग्रेस पार्टी में मेरी टिकट नहीं है। टिकट को लेकर बोलने का मुझे कोई अधिकार नहीं है। टिकट तय करने का काम हैकमान का है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता का टिकट तय होगा। चुनावी पार्टी लड़ रही है। मैं छोटा कार्यकर्ता हूं। कांग्रेस में गांधी परिवार की भूमिका को लेकर सवाल के जवाब में मंत्री कवासी लखमा ने कहा कि गांधी परिवार की तबाही को पूरा फायदा मिला है। पंचायती राज इसी परिवार की देन है। सत्ता में बने रहने वाले कांग्रेस ने वन अधिकार पत्र देने का फैसला लिया। कांग्रेस ने बस्तर में आवास ग्रहण करने का फैसला लिया था। नेहरू गांधी परिवार ने बस्तर के आदिवासियों के विकास की चिंता की। भाजपा के केदार कश्यप ने जब कथित विकास विभाग के मंत्री सैकड़ों स्कूलों को बंद करने का काम किया। ये लोग क्या बात करेंगे। कवासी लखमा ने कहा कि फोटोशूट गांधी बस्तर आई तो उन्हें हजारों लोग सुनते हुए देखा। यह इस परिवार का बस्तर के साथ जुड़ा हुआ है। इसका लाभ चुनाव में मिलेगा। भाजपा के प्रदेश महामंत्री केदार कश्यप ने कहा है कि कांग्रेस की प्रदेश सरकार और पार्टी के विधायक मंत्री जनता का विश्वास खो चुके हैं इसलिए इन्हें टिकट नहीं दिया जाता है।