फिंगेश्वर :- खाद एवं डीजल की कमी से अंचल के किसान न सिर्फ बहुत ज्यादा परेशान है, बल्कि खरीफ फसल की तैयारी काफी हद तक प्रभावित होने की चर्चा करते हुए लगभग भावुक हो रहे है। किसान रबी फसल में धान के कम मूल्य का भी रोना रों रहे है। राजनीती के चलते खरीफ सीजन की शुरुआत से पहले इस ग्राम्यांचल सहित प्रदेशभर में डीएपी और यूरिया की कमी को लेकर कांग्रेस ने राज्य सरकार पर निशाना साधा है। जिला कांग्रेस कमेटी की उपाध्यक्ष श्रीमती पुष्पा जगन्नाथ साहू ने आरोप लगाया कि सरकार की नई खाद वितरण व्यवस्था और कुप्रबंधन के कारण किसान खाद के लिए भटकने को मजबूर हैं। श्रीमती साहू ने कहा कि हमारे जैसे कृषि प्रधान जिले में सहकारी समितियों के बाहर किसानों की लंबी कतारें लग रही हैं, लेकिन जरूरत के अनुसार खाद उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि नई टोकन व्यवस्था और सीमित वितरण प्रणाली के कारण किसानों की परेशानी और बढ़ गई है। कई जगहों पर किसान घंटों इंतजार के बाद भी खाली हाथ लौट रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकारी समितियों में खाद की कमी बनी हुई है, जबकि निजी दुकानों में वही खाद अधिक कीमत पर उपलब्ध होने की शिकायतें सामने आ रही हैं। कांग्रेस कमेटी की जिला उपाध्यक्ष ने आरोप लगाया कि कालाबाजारी और बिचौलियों पर प्रभावी कार्रवाई नहीं होने से किसानों का आर्थिक शोषण हो रहा है। जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष पुष्पा साहू ने कहा कि खाद संकट के साथ डीजल- पेट्रोल की कमी ने भी किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेती-किसानी के कार्य प्रभावित हो रहे हैं और ट्रैक्टर सहित कृषि उपकरणों के संचालन में दिक्कतें आ रही हैं। उन्होंने मांग की कि खरीफ सीजन को देखते हुए सभी प्राथमिक सहकारी समितियों में पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध कराई जाए और किसानों को प्राथमिकता के आधार पर डीजल उपलब्ध कराया जाए। जिलाध्यक्ष कांग्रेस कमेटी की उपाध्यक्ष श्रीमती पुष्पा जगन्नाथ साहू ने कहा कि यदि जल्द स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो कांग्रेस किसानों के साथ जिला और ब्लॉक स्तर पर आंदोलन करने को बाध्य होगी।
