डेढ़ माह बाद भी पुलिस को नहीं मिल पाया कोई सुराग।
सुरेन्द्र मिनोचा
मनेन्द्रगढ़/एमसीबी :- केल्हारी थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम करिया बहरा में डेढ़ माह पूर्व एक 12वर्षीय नाबालिग आदिवासी बालिका के साथ हुई मारपीट व उसकी हत्या के मामले में पुलिस द्वारा अभी तक जिस तरह का रवैया अपनाया जा रहा है उससे पीड़ित परिवार सदमे में हैं।नाबालिग मृतिका के परिजनों ने इस सम्बन्ध में यह भी शिकायत की है कि पुलिस वालों से पुछने पर बताते हैं कि अभी पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आई है। बिना पोस्टमार्टम रिपोर्ट के छानबीन कैसे करेंगे, कहकर टाल मटोल करते हैं.और बोलते हैं कि बार-बार थाना मत आया करो हमारा काम हमको मत सिखाओ।जब हम लोग के पास समय मिलेगा तब कार्यवाही करेंगे,ऐसा कहकर हम लोग को थाने से भगा देते हैं । इस सम्बन्ध में मृतिका की मौसी ने पुलिस अधीक्षक एमसीबी को लिखित शिकायत देते हुये बताया कि उसकी बहन की मृत्यु होने के बाद उसकी एक वर्षीय पुत्री मेरे साथ में रहती थी।जिसकी उम्र लगभग 12 वर्ष थी।10अप्रैल 2024 को रात में हम लोग खाना खा रहे थे उसी समय गाँव का सोनसाय मेरे घर आया और दरवाजे से ही बोला कि पानी दे दो।तब नाबालिग पानी लेकर बाहर निकली।बहुत देर तक जब वह अंदर नहीं आई तो घर के लोग उसे खोजने निकले,इस दौरान मृतिका की मौसी को महुआ पेड़ के पास सौनताय खडा दिखाई दिया लेकिन महिला को देखकर वह भाग गया। काफी देर खोजने के बाद मृतिका की मौसी ने सोचा कि परिवार में कहीं चली गई होगी आ जायेगी।यह सोचकर वह घर वापस आ गयी।दूसरे दिन 11अप्रैल 2024 को गाँव के कल्याण के द्वारा फोन कर बताया गया कि तुम्हारी भतीजी उसके खेत में लगे कटहल के पेड़ में लटकी है।तब परिवार के लोग वहाँ जाकर देखे।घटना की सूचना केल्हारी पुलिस को दी गई, जिसके बाद लिखा पढ़ी कर शव को उतार कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।मृतिका की मौसी ने बताया कि जिस समय मृतिका को फांसी से उतारा गया उस समय मेरे द्वारा देखा गया तो उसके देह,मुह में व अन्य भागों में मारपीट जैसा प्रतीत हो रहा था और उसके शरीर से खून भी बह रहा था।उसके बाद 12/अप्रैल /2024 को लगभग 3 बजे पोस्टमार्टम कर शव को हम लोग को दे दिये।अभी तक इस मामले में पुलिस ने कोई कार्यवाही नहीं की हैं.मृतिका के परिजनों ने पुलिस अधीक्षक से मामले की जाँच कर उचित कार्यवाही करने का अनुरोध किया है।
