सुरक्षा, मशीनरी और प्रौद्योगिकी का संगम
धमतरी का खाद्य तंत्र डिजिटल सपोर्ट और जनसेवा से मजबूत हुआ।
धमतरी – छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष में धमतरी जिले का खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग सतत प्रगति और जनसेवा का उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है। वर्ष 2000 की स्थिति की तुलना में वर्ष 2025 तक विभाग ने स्मारकीय सुधार के प्रतीकात्मक चरण जारी किए हैं, जिन्हें अंतिम रूप दिया गया है, सुविधा एवं प्रौद्योगिकी आधारित सेवाएं उपलब्ध कराई गई हैं।
सार्वजनिक वितरण प्रणाली में डिजिटल प्लाट
वर्ष 2000 में जिले में 296 गोदाम मूल्य पर निर्मित स्थान, मैनुअल (ऑफ़लाइन) प्रणाली से राशन वितरण किया गया था। उस समय सहयोगी और सहयोगी की चुनौतियाँ बनी हुई थीं।वर्तमान विभाग द्वारा पूर्णत: ऑफ़लाइन आधार मानक प्रणाली लागू की जाती है। आज जिले के 484 शेयर बाजार मूल्य निर्धारण के माध्यम से हितग्राहियों को लाभान्वित किया जा रहा है। इस प्रथम से वितरण प्रक्रिया में प्लाट आई है तथा राशन कार्ड को समय पर एवं निर्धारित मात्रा में खाद्यान्न उपलब्ध हो रहा है।
राशनकार्ड जनजातियों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि
वर्ष 2000 में जिले में 82,460 राशनकार्ड वोग थे, जबकि वर्तमान में यह संख्या 2,58,352 हो गयी है। इनमें 2,33,429 बीपीएल और 24,923 अन्य श्रेणी के राशनकार्ड शामिल हैं। यह वृद्धि इस तथ्य को प्रमाणित करती है कि विभाग ने सामाजिक सुरक्षा एवं खाद्य अधिकार को सूचित करने में प्रभावशाली भूमिका निभाई है।
किसानों के लिए डेनमार्क समर्थित – धान व्यवस्था व्यवस्था
धान बागान के क्षेत्र में भी उल्लेखनीय विस्तार है। वर्ष 2000 में जिले में 70 धान निर्माण केन्द्र संचालित थे, जो अब 100 तक पहुंच गये हैं। इन दस्तावेजों के माध्यम से किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर धान की उपज की सुविधा प्रदान की जा रही है, जिससे उनकी आय में वृद्धि हुई है और आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित हुई है।
कस्टम मिलिंग व्यवस्था में भी परिवर्तन
वर्ष 2000 में जिले में 135 चावल मिलें पंजीकृत थीं, जबकि वर्तमान में संयुक्त राज्य अमेरिका की संख्या 226 हो गई है। इससे उपजाए गए धान के समय पर कस्टम मिलिंग और चावल की सुनिश्चित आपूर्ति संभव हो पाई है।
प्रौद्योगिकी, प्रौद्योगिकी और सेवा भावना के साथ निरंतर प्रगति
पिछले 25 वर्षों में विभाग ने नवीनता, सुशासन एवं जनसहभागिता को केन्द्र में भर्ती करने का कार्य किया है। लाभ प्रक्रिया, समय पर वितरण, हितग्राहियों की सुविधा और किसानों की समृद्धि – सभी विभागों में प्राथमिकता दी गई है।
रजत जयंती वर्ष में यह उपलब्धियां इस का प्रतीक हैं कि खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग, धमतरी ने खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने और उपभोक्ता अधिकारों की रक्षा में अपनी सक्रिय एवं सांकेतिक भूमिका निभाई है।
