फिंगेश्वर:– शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बिजली में हिन्दी दिवस मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ संस्था के प्राचार्य एवं शिक्षकों द्वारा माँ सरस्वती एवं छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र पर पूजा अर्चना के साथ किया गया।तत्पश्चात् हिंदी दिवस के अवसर पर संस्था के प्राचार्य पूरन लाल साहू ने कहा कि हिंदी दिवस हमें अपनी मातृभाषा की अहमियत और संस्कृति से जुड़े रहने का संदेश देता है. हिन्दी भारतीय संस्कृति की आत्मा है. हिंदी का दर्जा केवल एक भाषा तक सीमित नहीं है बल्कि यह भारतीयता और एकता का प्रतीक है.हिन्दी हमारी राष्ट्रीय एकता को सशक्त करती है।भारत विविधताओं वाला देश है जिसमें विभिन्न धर्म,जाति एवं सम्प्रदाय के लोग रहते है लेकिन इन सभी लोगों को हिन्दी भाषा ने जोड़ कर रखा है।उन्होंने आगे कहा कि हिन्दी हमें भारतीय संस्कृति और परंपराओं को समझने और उनकी सराहना करने में मदद करता है।हिंदी भारत की सर्वाधिक बोली व समझी जाने वाली भाषा है।दिनेश कुमार साहू व्याख्याता ने कहा कि हिन्दी हमारी मातृभाषा है और हमे इसका आदर और उसका मूल्य समझना चाहिए। भाषा ही वह ईकाई है जो व्यक्ति को आपस मे जोड़ती है।उन्होंने आगे कहा कि कहा कि देश को एकता के सूत्र में बाँधने वाली हिन्दी सिर्फ एक भाषा ही नहीं बल्कि भावों की अभिव्यक्ति है.कार्यक्रम का संचालन हसीना निषाद (बारहवीं) ने किया।इस मौके पर प्राचार्य पूरन लाल साहू,व्याख्याता दिनेश कुमार साहू,नरेन्द्र कुमार वर्मा, योगेश सोनकर,रेखा सोनी,संतोषी गिलहरे,नकुल राम साहू,कीर्ति निषाद,तोमन राम साहू भृत्य आकाश सूर्यवंशी व छात्र छात्राएं उपस्थित थे।
