व्यक्ति रंग रूप से नहीं, गुणों से उत्तम बनता है।

धमतरी :- एक राजा को अपने लिए सेवक की आवश्यकता थी। उसके मंत्री ने दो दिनों के बाद एक योग्य व्यक्ति को राजा के सामने पेश किया। राजा ने उसे अपना सेवक बना तो लिया पर बाद में मंत्री से कहा, ‘‘वैसे तो यह आदमी ठीक है पर इसका रंग-रूप अच्छा नहीं है।’’मंत्री को यह…

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सपने और हकीकत……

धमतरी :- बहुत समय पहले की बात हैं, एक व्यक्ति था जो बेहद आलसी और साथ ही साथ गरीब भी था। वह कुछ भी मेहनत नहीं करना चाहता था। लेकिन अमीर बनने का सपना देखता रहता था। वह भिक्षा मांगकर अपना गुजारा करता था। एक सुबह उसे भिक्षा के रूप में दूध से भरा एक…

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परिश्रम अथवा कार्य ही मनुष्य की वास्तविक पूजा-अर्चना है ।

राजिम :- एक गांव में एक धनी मनुष्य रहता था | उसका नाम भैरोमल था | भैरोमल के पास बहुत खेत थे| उसने बहुत से नौकर और मजदूर रख छोड़े थे | भैरोमल बहुत सुस्त और आलसी था | वह कभी अपने खेतों को देखने नहीं जाता था | अपने मजदूर और नौकरों को भेजकर…

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अपने लक्ष्य को पाने के लिए बहरा बनना पड़ेगा ।

धमतरी :- एक बार की बात है। एक तालाब में कई सारे मेढ़क रहते थे। उन मेढ़को में एक राजा मेंढक था। एक दिन सारे मेढक ने कहा, क्यों न कोई प्रतियोगिता खेली जाए। तालाब में एक पेड़ था। राजा मेंढक ने कहाकि “जो भी इस पेड़ पर चढ़ जाएगा, वह विजयी कहलाएगा। सारे मेढ़क…

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जो ठंडा रहा वह हीरा….. जो गरम हो गया वह काँच…बस यंही है सही हीरे की पहचान।

धमतरी:- एक राजा का दरबार लगा हुआ था, क्योंकि सर्दी का दिन था इसलिये राजा का दरवार खुले मे लगा हुआ था. पूरी आम सभा सुबह की धूप मे बैठी थी ..महाराज के सिंहासन के सामने…एक शाही मेज थी…और उस पर कुछ कीमती चीजें रखी थीं.पंडित लोग, मंत्री और दीवान आदि सभी दरबार मे बैठे…

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जरुरत से ज्यादा मोह आपको व्यर्थ बना सकता है।

धमतरी :- एक बार..गुरू ने अपने शिष्य को समझाते हुए, आम के पेंड की कहानी सुनाई – एक आम का वृक्ष था। जिसमे ढेर सारे आम पके हुए थे, एक दिन उस पेंड का मालिक आया और पेंड पर चढ़कर सारे आम तोड़ने लगा। परन्तु एक आम का फल वृक्ष से दूर होने का मोह…

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बुराई को भलाई से जीतना ही सच्ची जीत है।

धमतरी :-  एक गांव में एक किसान रहता था। उसका नाम था शेर सिंह। शेर सिंह शेर जैसा भंयकर और अभिमानी था। वह थोड़ी-सी बात पर बिगड़कर लड़ाई कर लेता था। गांव के लोगों से सीधे मुंह बात नहीं करता था। न तो वह किसी के घर जाता और न रास्ते में मिलने पर किसी…

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जीवन मे अपने बुजुर्ग माता पिता का उसी प्रकार ध्यान रखे जिस प्रकार माता पिता बचपन मे आपका ध्यान रखते थे।

धमतरी :- पत्नी के अंतिम संस्कार व तेरहवीं के बाद रिटायर्ड पोस्टमैन मनोहर गाँव छोड़कर मुम्बई में अपने पुत्र सुनील के बड़े से मकान में आये हुए हैं। सुनील बहुत मनुहार के बाद यहाँ ला पाया है। यद्यपि वह पहले भी कई बार प्रयास कर चुका था किंतु अम्मा ही बाबूजी को यह कह कर…

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जीवन में  अच्छी बातो का हि अनुसरण करे।

धमतरी :-  एक दिन की बात है। एक मास्टर जी अपने एक अनुयायी के साथ प्रातः काल सैर कर रहे थे कि अचानक ही एक व्यक्ति उनके पास आया और उन्हें भला-बुरा कहने लगा। उसने पहले मास्टर के लिए बहुत से अपशब्द कहे, पर बावजूद इसके मास्टर मुस्कुराते हुए चलते रहे। मास्टर को ऐसा करता…

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हमे अपने काम की जिम्मेदारी स्वयं को लेनी होगी , दूसरों पर निर्भर नहीं रहना है।

राजिम :-  एक गाँव में एक किसान रहता था. उसका गाँव के बाहर एक छोटा सा खेत था. एक बार फसल बोने के कुछ दिनों बाद उसके खेत में चिड़िया ने घोंसला बना लिया कुछ समय बीता, तो चिड़िया ने वहाँ दो अंडे भी दे दिए। उन अंडों में से दो छोटे-छोटे बच्चे निकल आये…

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