ट्राइसाइकिल मीटिंग से लेकर आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदम, अब आसान होगा दैनिक जीवन

धमतरी – प्रदेशभर में आयोजित सुशासन तिहार में शासन के जनकल्याणकारी नामांकन को अंतिम व्यक्ति तक की सलाह और उद्देश्यों की पूर्ति के लिए कई लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाये जा रहे हैं। इसी क्रम में कुरुद विकासखंड के ग्राम सिवनीकला में जनसमस्या शिविर का आयोजन किया गया, जिसमें नामांकन जीवन लाल साहूकार के लिए नए अभ्यर्थी और विद्यार्थी का माध्यम बन गया।
ग्राम सिवनीकला निवासी जीवन लाल बरादरी बचपन से ही दोनों आदिवासियों की गंभीर रिश्तेदारी से पीड़ित हैं। बेरोजगारी-फिरने में अस्वस्थ होने के कारण उन्हें वर्षों से अवसाद के बल पर अपने दैनिक कार्य करने की आवश्यकता थी। छोटी-छोटी आवश्यकताओं के लिए भी उन्हें अख्तियार करने की सलाह दी गई थी। कठिन मालदीव के बावजूद वे कभी भी खतरनाक नहीं रहे और अपने परिवार के साथ जीवनयापन में निरंतर सहयोग करते रहे।
लाइफ़ लाल के परिवार के पास लगभग दो एकड़ कृषि भूमि है, जिसमें वे अपनी क्षमता के अनुसार योगदान देते हैं। शासन की ओर से उन्हें प्रतिमाह अनैतिक पेंशन के रूप में 500 रुपये की सहायता राशि प्राप्त होती है। साथ ही राशन कार्ड के माध्यम से 35 किलो चावल भी उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे परिवार को आर्थिक रूप से मजबूत बनाया जा रहा है।
नवीनतम से उन्हें जानकारी मिली कि सुशासन तिहार के अंतर्गत आयोजित शिविर में आवेदन करने पर एलियनजनों को ट्राइसाइकिल उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके बाद उन्होंने समाज विभाग के स्टॉल में आवेदन कल्याण प्रस्तुत किया। विभाग और तत्परता द्वारा दिखाए गए शिविर स्थल पर ही उन्हें ट्राइसाइकिल प्रदान किया गया।
ट्राइसाइकिल प्राप्त करें ही जीवन लाल के चेहरे पर खुशी और संतोष स्पष्ट दिखाई दिया। उन्होंने कहा कि अब वे अपने छोटे-छोटे बच्चों को नौकरी के लिए नामांकित न करें। खेत तक ऑनलाइन हो, गांव में किसी काम से जाना हो या दैनिक जरूरतें पूरी करनी हों, अब उनके जीवन की तुलना में अधिक सहज और विलासितापूर्ण हो।
जीवन लाल साहू ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और जिला प्रशासन के प्रतिनिधि के रूप में कहा कि सबसे पहले उन्होंने अपने जीवन में नई आशा और आत्मनिर्भरता का संचार किया है। सुशासन तिहार के माध्यम से धार्मिक लोगों तक की छूट का लाभ, शासन की क्रांतिकारी सोच और शैक्षणिक व्यवस्था का आकर्षक उदाहरण सामने आ रहा है।