राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (चिरायु) अंतर्गत विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित

विशेषज्ञ चिकित्सकों द्वारा 95 बच्चों का किया स्वास्थ्य परीक्षण

गरियाबंद – राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम चिरायु के अंतर्गत जिले में कार्यरत चिरायु दलों द्वारा 0 से 18 वर्ष आयु वर्ग के बच्चों का व्यापक स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार किया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. यू. एस. नवरत्न तथा सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक डॉ. वाय. के. धु्रव के मार्गदर्शन में संचालित की गई। चिरायु कार्यक्रम के तहत स्वास्थ्य शिविर आयुष्मान भारत में अनुबंधित श्री बालाजी हॉस्पिटल रायपुर के विशेषज्ञ चिकित्सकों की मौजूदगी में आयोजित किया गया। इस दौरान चिकित्सकों में त्वचा रोग विषेशज्ञ डॉ. मयंक सिन्हा, तंत्रिका रोग विशेषज्ञ डॉ. पियूष अंशु, हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. टी. डी. माखीजा और हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. आर्ची वर्मा शामिल थे। जिला स्तर के विशेषज्ञों नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. टी. सी. पात्रे, जनरल सर्जन डॉ. हरीश चौहान, शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. अंकुश वर्मा, चिकित्सा अधिकारी डॉ. उमा धु्रव, डॉ. सोनल मिश्रा, डॉ. हीना फारूकी, डॉ. परीना फारूकी सहित अन्य का जिला चिकित्सालय गरियाबंद के परिसर में स्वास्थ्य परीक्षण के लिए 23 फरवरी 2026 को आयोजित मेगा कैंप में महत्वपूर्ण योगदान रहा।

स्वास्थ्य शिविर में जिले के 95 बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इनमें आंगनबाड़ी केन्द्रों और स्कूलों में पंजीकृत बच्चों के साथ वे बच्चे भी शामिल थे, जिन्हें चिरायु दलों द्वारा पूर्व जांच के दौरान विशेष श्रेणियों में चिन्हांकित किया गया था। शिविर के दौरान स्नायु (तंत्रिका) संबंधी 17 बच्चों, हृदय रोग के 33 बच्चों, हड्डी रोग के 7 बच्चों, त्वचा रोग के 12 बच्चों और अन्य बीमारियों से ग्रसित 26 बच्चों की जांच की गई। चिकित्सकों ने न सिर्फ उपचार प्रदान किया, बल्कि कई मामलों में बच्चों को उच्च स्तरीय चिकित्सा संस्थानों में आगे की जांच एवं संभावित ऑपरेशन हेतु भी चिन्हांकित किया।

कार्यक्रम के सफल आयोजन में कई स्वास्थ्यकर्मियों और अधिकारियों का योगदान उल्लेखनीय रहा। इनमें पैथालॉजिस्ट डॉ. विपिन बिहारी अग्रवाल, जिला कार्यक्रम प्रबंधक गनपत कुमार नायक, जिला आरएमएनसीएचप्लसए डॉ. योगेंद्र सिंह रघुवंशी, प्रभारी अस्पताल सलाहकार डॉ. शंकर पटेल और डीपीएचएन अन्नू विश्वकर्मा सहित आरबीएसके टीमों के सदस्यों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।