राजिम :– शिक्षा गुणवत्ता में सुधार हेतु गौरव गरियाबंद के तहत बोर्ड परीक्षा परिणाम में सुधार हेतु जिलाधीश भगवान सिंह उइके एवं प्रखर चंद्राकर जिला पंचायत सी.ई.ओ गरियाबंद के मार्गदर्शन में एवं डी पी आई के निर्देशानुसार ब्लूप्रिंट पर प्रशिक्षण तथा दसवीं बारहवीं परीक्षा की शत प्रतिशत परीक्षा परिणाम हेतु गणित,विज्ञान एवं अंग्रेजी विषय शिक्षकों की कार्यशाला का आयोजन शासकीय देवी संपद उच्चतर माध्यमिक विद्यालय राजिम में जिला शिक्षा अधिकारी जगजीत सिंह धीर द्वारा नोडल अधिकारी श्याम चंद्राकर एवं सहायक नोडल अधिकारी मनोज केला की उपस्थिति में किया गया. इस अवसर पर जिला शिक्षा अधिकारी जगजीत सिंह धीर ने मुख्यमंत्री शिक्षा गुणवत्ता के संदर्भ में जानकारी देते हुए कहा कि जिले सभी स्कूलों में शिक्षा में कसावट लाने के लिए मुख्यमंत्री शिक्षा गुणवत्ता अभियान का संचालन किया जा रहा है. यह अभियान प्राथमिक स्तर से लेकर हायर सेकंडरी स्तर तक की शासकीय शालाओं में आयोजित किया जा रहा है. उन्होंने आगे बताया कि त्रैमासिक परीक्षा परिणाम में अधिकांशतः विद्यार्थी गणित,विज्ञान एवं अंग्रेजी विषय में असफल हुए हैं उसमें गुणात्मक सुधार हेतु आगामी बोर्ड परीक्षा 10 वीं एवं 12वीं परीक्षा का परिणाम गरियाबंद जिले का शत प्रतिशत हो इसके लिए सभी विषय शिक्षक विशेष कार्ययोजना बनाकर परीक्षा की तैयारी में जुट जावे ताकि परीक्षा परिणाम बेहतर हो सके.नोडल अधिकारी श्याम चंद्राकर ने कहा कि शैक्षिक गुणवत्ता में कसावट लाने के लिए विद्यार्थी एवं शिक्षकों द्वारा लक्ष्य निर्धारण जरूरी है.सभी प्राचार्य सतत मॉनिटरिंग का कमजोर विद्यार्थी का चिन्हाकित कर उनके स्तर पर सुधार हेतु फोकस करें. त्रैमासिक परीक्षा परिणाम के बाद प्रथम, द्वितीय,तृतीय श्रेणी एवं अनुत्तीर्ण विद्यार्थियों की आकलन कर लेवें ताकि बोर्ड परीक्षा परिणाम बेहतर हो सके.साथ साथ जिन विद्यालय का परीक्षा परिणाम उत्कृष्ट आया है वहाँ के शिक्षकों से उत्कृष्ट परीक्षा परीक्षा परिणाम हेतु आवश्यक चर्चा करते हुए उनसे मार्गदर्शन जरूर लेवें.सभी शिक्षक नवोदय विद्यालय,राष्ट्रीय साधन सह योग्यता परीक्षा, जे ई ई एवं नीट परीक्षा हेतु अधिक से अधिक विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए परीक्षा में शामिल होने हेतु प्रोत्साहित करें.मनोज केला ए.पी.सी.ने ब्लूप्रिंट के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि सभी शिक्षकों को ब्लूप्रिंट के बारे में ज्ञान होना बहुत जरूरी है. ब्लूप्रिंट की विशेषताओं के बारे में विद्यार्थियों को जानकारी देते हुए बोर्ड द्वारा जारी ब्लूप्रिंट के आधार पर अध्यापन करना सुनिश्चित करते हुए ब्लूप्रिंट में अंकों के अधिभार तथा टॉपिक की महत्ता के आधार पर अध्ययन अध्यापन पर जोर देते हुए कमजोर बच्चों हेतु विशेष रणनीति बनाकर कार्य करने की बात कही.वहीं व्याख्याता विजयमणी वर्मा, क्रांति साहू,मीनाक्षी शर्मा, पुष्पांजलि तिवारी,,योगिता यादव, तेजेश्वर ध्रुव द्वारा ब्लूप्रिंट के आधार पर अपने अनुभव का शेयर करते हुए बताया कि कमजोर विद्यार्थियों पर कार्ययोजना बनाकर उन्हें सरल पाठ्यक्रम, उपचारात्मक शिक्षण एवं गत पाँच वर्षो के प्रश्न पत्र हो हल कराकर अध्यापन कार्य पर फोकस किए जिससे सफलता मिली. इस अवसर पर विकासखंड शिक्षा अधिकारी हेमंत कुमार साहू, विकासखंड स्त्रोत समन्वयक सुभाष शर्मा एवं फिंगेश्वर विकासखंड के गणित,अंग्रेजी एवं विज्ञान विषय के व्याख्याता उपस्थित थे.
