ई-ऑफिस प्रणाली पर जिले के अधिकारी-कर्मचारी राज्य स्तरीय ऑनलाईन प्रशिक्षण में हुए शामिल।

कलेक्टर श्री उइके ने सभी अधिकारी-कर्मचारियों को गंभीरतापूर्वक प्रशिक्षण लेने के दिए निर्देश

सभी जिला कार्यालयों में शीघ्र ई-ऑफिस प्रणाली लागू की जाएगी

गरियाबंद – जिले में ई-ऑफिस प्रणाली के सुगम संचालन को ध्यान में रखते हुए आज राज्य स्तरीय ऑनलाईन प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। जिले के अधिकारी एवं उनके अधीनस्थ कर्मचारीगण संयुक्त जिला कार्यालय के सभाकक्ष में प्रशिक्षण कार्यशाला में शामिल हुए। प्रशिक्षण में कलेक्टर श्री बी.एस. उइके भी शामिल होकर अधिकारी-कर्मचारी को गंभीरतापूर्वक प्रशिक्षण की बारीकियों को सिखने के निर्देश दिये। साथ ही ई-ऑफिस के अंतर्गत संपादित किये जाने वाले कार्यों के विभिन्न चरणों को भी सीखने के लिए कहा। प्रशिक्षण में समस्त विभागों के अधिकारी-कर्मचारियों को ई-ऑफिस संचालन को सरकारी कार्यालयों के दस्तावेजों को पेपरलैस करने पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। इस प्रशिक्षण शिविर में जिला के विभिन्न कार्यालयों के अधिकारी-कर्मचारियों ने भाग लिया। इस दौरान अपर कलेक्टर श्री अरविंद पाण्डेय, एनआईसी के उप निदेशक श्री नेहरू निराला एवं ई-जिला प्रबंधक श्री मिथलेश देवांगन सहित समस्त विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।कलेक्टर श्री बी.एस. उइके ने बताया कि शासन के निर्देशानुसार जिला कार्यालयों में आगामी समय में ई-ऑफिस प्रणाली लागू की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिले में ई ऑफिस प्रणाली के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिला स्तरीय कार्यालयों के अधिकारियों,-कर्मचारियों को ई-कार्यालय प्रणाली का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। इसे अधिकारी-कर्मचारी गंभीरतापूर्वक प्रशिक्षण प्राप्त करें। प्रशिक्षण में एनआईसी के उप निदेशक श्री नेहरू निराला एवं ई-जिला प्रबंधक श्री मिथलेश देवांगन ने अधिकारियों-कर्मचारियों को ई-ऑफिस प्रणाली के तहत विभिन्न प्लेटफार्म के विभिन्न कार्यों तथा उनके उपयोग के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। प्रशिक्षण में ई-ऑफिस का परिचय एवं उपयोग, दस्तावेज़ तैयार करना, अनुमोदन प्रक्रिया, रिपोर्टिंग एवं फाइल ट्रैकिंग, सुरक्षा उपाय एवं गोपनीयता आदि के बारे में विस्तार से बताया गया। प्रशिक्षण में बताया गया कि विभागों में कार्यप्रणाली को डिजिटल और कुशल बनाने के उद्देश्य से ई-ऑफिस प्रशिक्षण दिया गया। जिसमें ई-ऑफिस प्लेटफ़ॉर्म का सही और प्रभावी उपयोग का प्रोसेस सिखाया गया, ताकि कार्यों को डिजिटल रूप से सुव्यवस्थित किया जा सकें। इससे कागजी प्रक्रिया में कमी लायी जा सकेगी। इसका उद्देश्य ई-ऑफिस प्लेटफ़ॉर्म पर दस्तावेजों की डिजिटल ट्रैकिंग एवं प्रसंस्करण, कार्यों में पारदर्शिता और कुशलता, समय की बचत एवं प्रक्रिया की गति में सुधार, कर्मचारियों के बीच बेहतर संवाद और सहयोग स्थापित करना है।