विधायक के निर्देश पर कलेक्टर ने किया जांच दल का गठन।
सुरेन्द्र मिनोचा
एमसीबी/कोटाडोल – तहसील अन्तर्गत धान खरीदी केंद्र कोटाडोल प्रबंधक रमाकांत पाण्डेय के विरुद्ध किसानों के आवेदन पर पूर्व केंद्रीय राज्यमंत्री एवं भरतपुर-सोनहत विधायक रेणुका सिंह ने तत्काल संज्ञान लिया और विधायक के निर्देश पर एमसीबी कलेक्टर डी राहुल वेंकट ने जांच टीम गठित की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार रविवार 23 जून को प्रशासनिक अमले की टीम कोटाडोल पहुंची, जहां कोटाडोल तहसीलदार नीरज कांत तिवारी की अगुवाई में जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक नोडल अधिकारी आनंद सिंह एवं फूड आफिसर जतिन देवांगन ने 17 किसानों का बयान दर्ज किया। वहीं किसानो को न्याय के लिए भाजपा जिलामंत्री एवं जिला पंचायत सदस्य दृगपाल सिंह भी सुबह से शाम तक किसानों के साथ मौजूद रहे।
“जांच में अपने ही जाल में फंसे प्रबंधक रमाकांत पाण्डेय”
धान खरीदी केंद्र कोटडोल प्रबंधक रमाकांत पाण्डेय जांच से डर कर हड़बड़ी में अपनी ही चाल में फंसते नजर आ रहे हैं ,आपको बता दें कि जिन किसानों ने फर्जी क़र्ज़ निकालने की शिकायत की है, अब उन्हें ऋण जमा करने की पावती रसीद दे रहे हैं, जिससे अब साबित हो रहा है कि कहीं ना कहीं प्रबंधक ने किसानों के साथ धोखाधड़ी की है और अब जांच से डरकर ऋण जमा कर पावती रसीद दे रहे हैं।सूत्रों के मुताबिक जांच के दौरान एक किसान के खाते से प्रबंधक रमाकांत पाण्डेय और उनके बेटे के खाते में भी राशि ट्रान्सफर किया है ,जो कि किसान ने बताया मुझे इस बारे में जानकारी भी नहीं हुई है और ना मै बैंक गया हूं ना ही पैसा ट्रांसफर किया हूं। जिससे प्रतीत होता है बैंक कर्मचारियों की भी मिलीभगत हुई है। अब देखना यह है कि जांच के दायरे में कौन-कौन आता है और जांच दल निष्पक्ष जांच कर ऐसे लोगों को सलाखों तक पहुंचा पाता है या पूर्व में हुई जांच की तरह इस बार भी लीपापोती कर दी जाएगी।
