सिकल सेल रोग से प्रभावित बच्चों और परिवारों को मिला सहयोग, परामर्श एवं नई उम्मीद

मुख्य कार्यपालन अधिकारी कार्यालय, बीजापुर में रोगी सहायता समूह बैठक आयोजित, नियमित जांच, उपचार एवं बेहतर जीवन प्रबंधन पर हुई विस्तृत चर्चा

बीजापुर – सिकल सेल रोग से प्रभावित बच्चों एवं उनके परिवारों को जागरूक, सशक्त एवं उपचार से सतत रूप से जोड़ने के उद्देश्य से जिला स्वास्थ्य समिति, बीजापुर द्वारा यूनिसेफ छत्तीसगढ़ एवं एकम फाउंडेशन के तकनीकी सहयोग से मुख्य कार्यपालन अधिकारी कार्यालय, बीजापुर में रोगी सहायता समूह बैठक का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में सिकल सेल रोग SCD से प्रभावित एवं उनके अभिभावकों सहित स्वास्थ्य विभाग, यूनिसेफ, एकम फाउंडेशन एवं अन्य हितधारकों को मिलाकर कुल 130 प्रतिभागियों ने सहभागिता की।

बैठक का उद्देश्य सिकल सेल रोग से प्रभावित बच्चों एवं उनके परिवारों को रोगों की सही जानकारी प्रदान करना, नियमित जांच एवं उपचार के महत्व को समझाना, जटिलताओं की रोकथाम के उपायों से अवगत कराना तथा आपसी अनुभव साझा करने के लिए एक सहयोगात्मक मंच उपलब्ध कराना था। कार्यक्रम के दौरान अभिभावकों ने बच्चों के स्वास्थ्य, बार-बार होने वाली समस्याओं, दवा प्रबंधन, पोषण, विद्यालयीन जीवन तथा उपचार से जुड़ी चुनौतियों के संबंध में अपने अनुभव साझा किए, जिन पर विशेषज्ञों द्वारा विस्तृत मार्गदर्शन प्रदान किया गया।

बैठक के दौरान डॉ बी.आर. पुजारी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए सिकल सेल रोग में समय पर निदान, संक्रमण से बचाव, संतुलित पोषण, दवाओं के नियमित उपयोग तथा निरंतर फॉलो-अप के महत्व पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने प्रभावित परिवारों से उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं का नियमित लाभ लेने की अपील की।

विशेषज्ञों ने बताया कि सिकल सेल रोग की रोकथाम एवं नियंत्रण में सामुदायिक जागरूकता की महत्वपूर्ण भूमिका है तथा विवाह पूर्व सिकल सेल जांच भविष्य की पीढ़ियों में रोग के जोखिम को कम करने में सहायक हो सकती है।

कार्यक्रम के दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं विशेषज्ञों द्वारा सिकल सेल रोग के प्रबंधन, दर्द एवं संक्रमण की रोकथाम, पोषण, टीकाकरण, नियमित स्वास्थ्य जांच तथा उपलब्ध उपचार एवं रेफरल सेवाओं की जानकारी प्रदान की गई। प्रतिभागियों को नियमित फॉलो-अप, आवश्यक लैब जांच, दवा की निरंतर उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध उपचार सेवाओं का समय पर लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया गया। बैठक के दौरान अभिभावकों एवं बच्चों की जिज्ञासाओं का समाधान संवादात्मक चर्चा के माध्यम से किया गया। विशेषज्ञों ने स्पष्ट किया कि परिवार, स्वास्थ्य विभाग एवं समुदाय के सामूहिक सहयोग से सिकल सेल रोग से प्रभावित बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य, आत्मविश्वास एवं गुणवत्तापूर्ण जीवन प्रदान किया जा सकता है।

कार्यक्रम में डॉ. बी.आर.पुजारी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, डॉ. वरुण कुमार साहू, जिला कार्यक्रम प्रबंधक, डॉ. समीरानंदन रेड्डी, जिला सिकल सेल नोडल अधिकारी, सुश्री मानसी टटपल्ली, डी. पि. एच. ऐन. ओ., श्री. बी. के. साहू, आर. एम्. ए., श्री अनिल कावरे जिला मितानिन समन्वयक , स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी, जिला समन्वयक एवं जिला सलाहकार उपस्थित रहे।

यूनिसेफ के स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. श्वेताभ त्रिपाठी, राज्य सलाहकार- डॉ. वल्लभ ठक्कर, एवं एकम फाउंडेशन के कार्यक्रम प्रबंधक- डॉ. आरती मंडल ने कार्यक्रम के सफल आयोजन एवं तकनीकी मार्गदर्शन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यूनिसेफ के स्वास्थ्य विशेषज्ञ डॉ. गजेंद्र सिंह के मार्गदर्शन में यूनिसेफ टीम एवं एकम फाउंडेशन द्वारा कार्यक्रम के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई गई।

कार्यक्रम का समापन इस संकल्प के साथ हुआ कि सिकल सेल रोग के प्रति जागरूकता बढ़ाने, समय पर जांच एवं उपचार को प्रोत्साहित करने तथा प्रभावित बच्चों एवं परिवारों को निरंतर सहयोग एवं परामर्श उपलब्ध कराने के प्रयास आगे भी जारी रहेंगे।