चैत्र नवरात्र अंचल के दैवीय स्थल घटारानी व जतमई और झरझरा में जगमगाएंगे आस्था के ज्योति।
छुरा :- दो ऋतुओं के बीच यानि बसंत और ग्रीष्म ऋतु के मध्य संधि बेला पर नवरात्रि का आगमन साधना स्वाध्याय उपासना सत्संग के लिए उपयुक्त समय माना जाता है इस दौरान यदि सच्ची लगन और निष्ठा से दैवीय शक्तियां की आराधना की जाय तो अवश्य ही फलदायी होता है। यही कारण है कि पूरे…
