वर्मी कम्पोस्ट खाद बना महिला दीदियों का अतिरिक्त आय का साधन l 

धमतरी :- प्रदेश सरकार की महती गोधन न्याय योजना आज ना केवल पशुपालकों को लाभान्वित कर रहा है। बल्कि हर वर्ग को इससे कुछ ना कुछ फायदा मिल रहा है। इसका जीता जागता उदाहरण है। धमतरी शहर की स्वच्छता दीदी। धमतरी शहर के विभिन्न डेयरियों से गोबर एकत्रित कर पशुपालक स्थानीय दानीटोला वार्ड स्थित गौठान में बेचते हैं। इससे डेयरी संचालकों को तो उनके पशुओं के गोबर का आय तो मिलता ही है। साथ ही सुबह सात बजे से 10 बजे तक घर-घर कचरा कलेक्शन करने के बाद शहर की स्वच्छता दीदियों ने भी उक्त गौठान में गोबर से वर्मी कम्पोस्ट खाद तैयार कर आय का अतिरिक्त जरिया हासिल कर रहीं हैं। गोधन न्याय योजना के तहत दानी टोला वार्ड स्थित गौठान में अब तक 49.30 लाख रूपये की 24650.77 क्विटंल गोबर खरीदी गई। वहीं 2769. 61 क्विटंल वर्मी खाद उत्पादन कर महिलाओं के द्वारा 2243 .41 क्विटंल विक्रय किया गया। वर्मी खाद निर्माण कार्य में लगीं स्वच्छता दीदी पूजा साहू, द्रोपति जांगड़े, आसा महिंलांग, सुलोचना बंजारे, ज्योति कॉलखोर, नीलम बंजारे इत्यादि खुश होकर कहतीं हैं

कि कचरा कलेक्शन के बाद के समय का सदुपयोग कर वे अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत कर रहीं हैं। वाकई प्रदेश के मुखिया भूपेश बघेल ने गोधन न्याय योजना शुरू कर हम महिलाओं की आर्थिक स्थिति को काफी मजबूत बनाने में मदद की है।