भारतीय संविधान में भारतीय नागरिकों को स्वतंत्रता का अधिकार दिया गया है।

राजिम :- आजाद जनता पार्टी के संगठन को मजबूत करने के लिए छत्तीसगढ़ के हृदय स्थल धर्म नगरी राजिम में पार्टी द्वारा एक मीटिंग रखकर आम जनता से जुड़े हर एक स्थिति परिस्थिति को समझते हुए आज़ाद जनता पार्टी के सदस्य ने अपने अपने बातों को रखा।

प्रदेश अध्यक्ष उज्ज्वल दीवान ने कहा – शिक्षा, चिकित्सा, जागरुकता को लेकर इन्होंने कुछ बातें रखी। शिक्षा – शिक्षा के स्तर को बढ़ाना है। चिकित्सा – जहां डाक्टरों , नर्स और दवाइयों की कमी है ऐसे स्तर को बढ़ाना है।

संजीव मिश्रा प्रदेश प्रवक्ता ने कहा – अस्पतालों में नर्स की कमी, ना डॉक्टर है ना दवाई है 10 हज़ार शिक्षा भर्ती पेंडिंग है। स्कूल की शिक्षा क्या सिर्फ नामकरण से मिल जाएगी।

जिला अध्यक्ष डॉक्टर इमरान हिंगोरा ने कहा– लोगों को जागरुक करना है एक नेता खड़ा होता है लेकिन वह लड़ते लड़ते खुद अमीर बन जाता है वोट डाल नहीं रहे हैं डलवाया जा रहा है गलत जानकारी दे देकर मजबूरी में वोट डलवाया जाता है। और चुनाव जीता जाता है जिससे नेता तो बन जाते हैं लेकिन आम जनता वहीं के वहीं रह जाते हैं।

आशीष जठानी रायपुर अधिवक्ता ने कहा- बस्तर में आदिवासी प्रकरण 54 सौ लोग अभी भी जेल में है। कोर्ट में अभी भी केस चल रहा है बेसिक मुद्दा को हटाने के लिए भाजपा और कांग्रेस जो कर रही है केवल वह अपनी रोटी सेकने के लिए कर रही है ना पानी की व्यवस्था है। ना हीं अन्य चीजों की। चिंतलनार गांव में जाने की अनुमति भी नहीं दे रहे हैं लोगों से मिलने नहीं दे रहे हैं ताकि उनके बीच कोई तीसरा ना आ जाए। ऐसे में वहां के लोगों से कैसे मिलेंगे उनकी समस्याओं को कैसे जानेंगे।

युवा नेता सामाजिक कार्यकर्ता अजय कुमार देवांगन ने कहा – गरियाबंद जिले में ऐसे कई परेशानी है जो छत्तीसगढ़ राज्य अलग होने के बाद भी आज तक कोई सुविधा नहीं हो पाए आज भी इस क्षेत्र के लोग मूलभूत सुविधा से वंचित है जैसे कि कई जगह पुल पुलिया नहीं होने के कारण लोग परेशान होते हैं ऐसे कई क्षेत्र हैं जहां रोड रास्ते बिजली आज तक नहीं पहुंच पाई है केवल भाजपा और कांग्रेस धर्म जाति की राजनीति करती है। लोगों को अपना प्रतिनिधि अपने हिसाब से चुनना चाहिए जो उसकी परेशानी को समझे। बिंद्रा नवागढ़ विधानसभा क्षेत्र में ऐसे लगभग दर्जनों ग्राम पंचायत हैं जो उड़ीसा से संबंध रखते हैं तेल नदी में पुल नहीं बनने के कारण वहा के लोग गरियाबंद जिला मुख्यालय से संबंध नहीं रख पाते हैं या पुल बन जाता तो वह दर्जनों गांव का हर एक समस्या दूर हो जाती और उन लोग डायरेक्ट जिला मुख्यालय से जुड़ जाते और गरियाबंद जिले से सभी दिनचर्या के वस्तु स्थितियों से अवगत हो जाते। जैसे कि चिकित्सा बैंक शिक्षा आदि ऐसे कई चीजों से वंचित है जिसके कारण उड़ीसा में शामिल होने की मांग करते आ रहे हैं। यह मीटिंग में सप्ताहिक समाचार पत्र खबर गंगा के स्थानीय संपादक सुश्री पिंकी साहू भी शामिल थे।