एसडीएम का कोयलीबेड़ा दौरा, जरूरतमन्दों को मिली उपहार व नकद सहायता

पखांजुर रिपोर्टर बिप्लब् कुण्डू

एसडीएम का कोयलीबेड़ा दौरा, जरूरतमन्दों को मिली उपहार व नकद सहायता

कोयलीबेड़ा नव वर्ष की पूर्व संध्या पर एसडीएम पखांजूर का एक नया रूप देखने को मिला जहां पदस्थापना के बाद पहले दौरे पर अतिसंवेदनशील क्षेत्र कोयलीबेड़ा पहुंचे अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) धनंजय नेताम  साथ मे तहसीलदार पखांजूर शेखर मिश्रा भी मौजूद रहे । जरूरतमन्दों को कम्बल ,लुंगी और साड़ी का वितरण किये। नव वर्ष की पूर्व रात्रि में एसडीएम को अपने बीच पाकर ग्रामीणों में खुशी साफ देखी जा सकती थी, लोगों की मूलभूत समस्याएं भी सुनी व सुमित्रा दर्रो पति मेघनाथ को मकान मरम्मत के लिए 25 हजार व निंदिया तारम को 10 हजार मकान मरम्मत के लिए दिए जाने की पहल भी की गई। कोयलीबेड़ा में पहली बार इतने रात्रि को कोई अधिकारी इस प्रकार पहुंचकर मदद किये हैं जिससे लोगों में हर्ष है। इस मौके पर नायब तहसीलदार अखिलेश ध्रुव, राजस्व निरक्षक केएल ध्रुव, प्रफुल्ल वट्टी, आकाश कश्यप व अन्य राजस्व अमला  साथ रहे।

पहली बार इस तरह कोई अधिकारी ने सहायता की

कोयलीबेड़ा क्षेत्र के ग्रामीण हमेशा उपेक्षित महसूस करते थे कि ठंड के दिनों में उन्हें कोई कहीं से मदद कर दे । वहीं आज एसडीएम की इतने रात को भी जरूरतमन्दों को कंबल ,लुंगी व साड़ी वितरण लोगों में चर्चा का विषय बन गया व मूलभूत समस्याओं को हल करने की पहल किये जाने की बात पर लोगों में उम्मीद बढ़ी की उनका भी कोई सुनने वाला अधिकारी आज पहुंचा है।

नव वर्ष में मिला उपहार

सामाजिक अम्बेडकर भवन में रह रहे 79 वर्षीय बनिया राम कौशल के लिए एक नई उम्मीद लेकर आने वाला है नया साल, बेटा बेटी के इलाज के कर्ज  में सब कुछ लुटा चुके बनिया राम को आबादी भूमि में जगह देकर मकान की  कमी दूर करने की बात कही गयी है जो बनिया राम के लिए जीवन के अंतिम चरण में एक सुखद एहसास से कम नही।

बारिश के दिनों में घर की छत पर पेड़ गिरने से हुए नुकसान की मरम्मत के लिए निंदिया बाई तारम को 10 हजार की सहायता उसके घर को एक नया रूप दे सकता है ।

पति के लम्बी बीमारी के बाद मृत्यु होने से सदमे में जीवन यापन कर रही सुमित्रा दर्रो के जर्जर मकान को भी 25 हजार की आर्थिक सहायता से नया रूप मिलने की संभावना है जो इन अधिकारियों के आने से सम्भव हो पाया है।

नए साल में नए कपड़े

सुंदरबति, सुमित्रा,सरिता,मिथिला,संगीता, धनबती ,निंदिया,बुधयारीन, दशरी को पहली बार नए साल में नई साड़ी के साथ कम्बल मिली तो बनिया राम को नई लुंगी के साथ कम्बल भी।