सुशासन तिहार-2025 : 8 अप्रैल से तीन चरण में शुरू होगा अभियान।

कलेक्टर श्री मिश्रा ने अधिकारियों की बैठक में अभियान की सफलता के लिए निर्देश दिए।

ग्राम अस्सिटेंट, ऑस्ट्रियाई सामान सहित सभी नॉर्वेजियन में लगेंगी सॉल्यूशन पेटियां।

जॉब्स-आवेदन के लिए ज्यूड्राई-आवेदन देखें, समाधान कर जानकारी भी दी जाएगी।

धमतरी – छत्तीसगढ़ राज्य सहित धमतरी जिले में भी 8 अप्रैल से सुशासन तिहार शुरू हो रहा है। तीन चरणों में इस अभियान का आयोजन किया गया जिसमें राज्य प्रशासन-प्रशासन लोगों की समस्याओं को उठाएगा। अपने आवेदन के लिए जाएं। इसके बाद इन साझेदारों की जानकारी भी दी जाएगी। कलेक्टर श्री अविनाश मिश्रा ने आज अभियान के सफल संचालन के लिए जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक ली और आवश्यक निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को अपने-अपने पड़ोसी देशों में लोगों से आवेदन प्राप्त करने के लिए समाधान पेटी लगाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने लोगों के आवेदन लेने के लिए कार्यालय में आवेदन करने वाले कर्मचारी की भी व्यवस्था करने को कहा। कलेक्टर ने इस संपूर्ण अभियान का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिये। इस पूरे अभियान में स्थानीय आदिवासियों का भी सहयोग लेने के निर्देश नीचे दिए गए हैं।

सुशासन तिहार-2025 तीन चरणों में

सुशासन तिहार-2025 का आयोजन तीन चरणों में होगा। पहले चरण में 08 अप्रैल से 11 अप्रैल 2025 तक आम जनता से आवेदन प्राप्त करेंगे। दूसरे चरण में लगभग एक महीने तक आवेदन प्राप्त किये जायेंगे। तीसरे एवं अंतिम चरण में 05 मई से 31 मई 2025 तक आपसी समाधान शिविरों का आयोजन किया जाएगा। इस तिहार को सुव्यवस्थित और प्रभावशाली बनाने के लिए एक ऑनलाइन पोर्टल बनाया जा रहा है।आम जनता से उनके अप्रैल 2020 के संबंध में 08 से 11 अप्रैल 2025 तक ग्राम पंचायत मुख्यालयों और 5 बजे तक सभी ग्राम पंचायत मुख्यालयों और 5 बजे तक आवेदन प्राप्त करेंगे। इन जगहों पर सॉल्यूशन पेटी राखेगी, ताकि लोग अपनी कमाई और स्टॉक निश्कोच रिवाइवल में शामिल हों। पेटी की व्यवस्था जिला और विकास खंड मुख्यालय स्तर पर भी समाधान के लिए आवेदन प्राप्त करें। आवश्यकतानुसार हाट-मार्केटिंग में भी आवेदन संग्रह प्राप्त कर सकते हैं। ऑफ़लाइन आवेदन प्राप्त करने के लिए भी पोर्टल में व्यवस्था रहेगी। कॉमनवेल्थ सर्विस सेंटर का भी ऑनलाइन आवेदन लिया जा सकता है। प्रत्येक आवेदन को एक कोड सूचना की जानकारी पोर्टल पर उपलब्ध रहेगी। निर्धारित प्रारूप में खाली आवेदन पत्र (ग्रामवार/नगरीय निकायवार कोड सहित) प्रिंट दस्तावेजों में उपलब्ध उपकरण जा सकते हैं।प्रत्येक आवेदन को पोर्टल पर पंजीकृत कर ऑफ़लाइन अपलोड किया जाएगा, साथ ही,आवेदनकर्ता को पावती दी जाएगी। जनता को आवेदन करने में सहायता प्रदान करने के लिए आवश्यक अधिकारी/कर्मचारियों की ड्यूटी लगेगी।

आवेदनों का आवेदन

सभी प्राप्त आवेदनों को स्कैन कर सॉफ्टवेयर में अपलोड किया जाएगा और संबंधित जिला, जिला, निजी निकायों के अधिकारियों को ऑनलाइन और भौतिक रूप से भेजा जाएगा। संबंधित विभाग अधिकारी लगभग एक माह में आवेदन लेंगे। मांग से संबंधित आवेदनों को बजट की शीट के आधार पर निराकृत किया जाएगा। इन अनुप्रयोगों के लिए आवेदनों की गुणवत्ता का विश्लेषण जिले और राज्य स्तर पर किया जाए।

समाधान शिविर का आयोजन

पांच मई से 31 मई 2025 के दौरान प्रत्येक 08 से 15 वर्ष की आयु में एक समाधान शिविर आयोजित किया जाएगा, जिसमें रोगियों को उनके आवेदनों की स्थिति की जानकारी दी जाएगी। विकलांग बच्चों में भी आवश्यक समाधान शिविर आयोजित किया जाएगा। शिविरों के आयोजन की तिथि की जानकारी मैसूर को एस.एम.एस.एस. के माध्यम से तथा आवेदन की पावती के माध्यम से देगा, साथ ही इन तिथियों का व्यापक प्रचार-प्रसार भी करेगा। इन शिविरों में प्राप्त आवेदनों की प्राथमिकता भी पोर्टल में की जाएगी और जिन अनुप्रयोगों के संलग्न शिविर में संभावित हो, शिविर में किया जाएगा, शेष आवेदनों का समाधान एक महीने में कर मित्र को सूचित किया जाएगा।शिविरों में विभिन्न जन कल्याणकारी आवेदन की जानकारी दी जाएगी और हितग्राहीमूलक आवेदन पत्र/प्रपत्र उपलब्ध हो जाएगा। समाधान शिविरों में विकासखंड एवं अनुभाग स्तर के सभी अधिकारी सहायक एसोसिएट, जिला स्तर से भी कुछ अधिकारी सहायक एसोसिएट।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय, उप मुख्यमंत्रीगण, मंत्रीगण, मुख्य सचिव, प्रभारी सचिव एवं राज्य शासन के अधिकारी भी कुछ शिविरों में शामिल होंगे और वहां के मित्र से लेकर उनके हितैषी उनके दृष्टिकोण और संबंधित जानकारी प्राप्त करेंगे। इस तिहार को अधिक प्रभावशाली बनाने के लिए सूचना प्रौद्योगिकी का व्यापक उपयोग। आवेदन लेना, उनकी प्राथमिकता, मॉनिटरिंग एवं समाधान कार्यशाला के लिए आवश्यक प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाएगी।

विकास कार्य का औचक निरीक्षण

इस दौरान मुख्यमंत्री सहित मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी प्रदेश में चल रहे विभिन्न विकास कार्यों और प्राधिकरणों के औचक निरीक्षण भी करेंगे। विभिन्न परिभाषाओं से लोगों को मिल रहे लाभ के बारे में जानकारी ली जाएगी।