प्रमोद दुबे
महासमुंद – सनातन सेवा समिति द्वारा संचालित वृन्दावन विद्यालय में 4 अगस्त, दिन रविवार को हरेली उत्सव बड़े धूमधाम से मनाया गया। इस अवसर पर विविध रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ छ.ग. महतारी के छायाचित्र, सरस्वती माता व कृषि औजारों की पूजन वंदन संस्था प्रमुख चयेरमेन एम. आर. विश्वनाथन, डायरेक्टर सुजाता विश्वनाथन के द्वारा सम्पन्न हुआ। तत्पश्चात कक्षा नवमी की छात्रा सुनिधि यादव के द्वारा हरेली गीत प्रस्तुत किया गया। सर्वप्रथम संस्था प्रमुख सुजाता विश्वनाथन ने छत्तीसगढ़ की सभ्यता व संस्कृति इस प्रान्त की पहचान है इस देश की माटी में हरे भरे लहराती लहलाती फ्सल से सुख शांति का वातावरण सभी तरफ फैला रहे। उन्होंने एक पेड़ माँ के नाम लगाकर धरती को सुनहरी बनाने कहा व पानी के महत्व पर प्रकाश डाला। तत्पश्चात एम् आर विश्वनाथन द्वारा सावन महीने का सबसे प्रथम त्यौहार हरेली है, ये बच्चो के उत्साह व हर्ष का पर्व है, गेडी, भौरा, बाटी, फुगडी जैसे विविध खेलो का आनंद लेते है। हरियाली सदैव बनाये रखकर पर्यावरण संरक्षण के मायने बताये, तत्पश्चात इंदु मिश्रा ने बताया की हरेली के त्यौहार के दिन नागर, हल आदि औजारों के साथ कुटकी देवी की पूजा अर्चना की जाती है, व कुटकी माता किसानो को आशीर्वाद देती है, की किसान धन धन्य से सम्पन्न हो स गायो, भैसो, व वैलो को नमक व बरगंदा पानी में मिलकर खिलाया जाता है, ताकि वो सभी सालभर स्वस्थ व निरोग रहे। इस अवसर पर छात्र छात्राओ ने गीत कविता व नृत्य प्रस्तुत किया, ग्रीन डे को लेकर बच्चो ने विशेष पोशाक धारण कर हरियाली का महत्व प्रकट किया और इस अवसर पर विविध प्रतियोगिता आदि का आयोजन किया गया।
