प्लास्टिक के बढ़ते उपयोग को करें कम, अपनाएं 4R।

प्लास्टिक प्रकृति के साथ जनजीवन के लिए हानिकारक।

अंतर्राष्ट्रीय सिंगल यूज प्लास्टिक थैली प्रतिबंध दिवस।

सुरेन्द्र मिनोचा

मनेंद्रगढ़/एमसीबी – कलेक्टर डी राहुल वेंकट के मार्गदर्शन एवं दिशा निर्देशन में जिले की अखराडाड़ ,मझोली,कोटिया, आमाडाड़, परसगढ़ी,मलकडोल, गोविंदपुर, चैनपुर सहित जिले की विभिन्न ग्राम पंचायत में सिंगल यूज प्लास्टिक के प्रतिबंध हेतु जन जागरूकता गतिविधियां आयोजित की गई। ग्राम पंचायत कठोतिया में जिला परियोजना निर्देशक नितेश उपाध्याय ने सिंगल यूज प्लास्टिक के दुष्परिणामों को ग्रामीणों एवं छात्र छात्राओं से साझा किया। ग्राम पंचायत को मॉडल बनाने के लिए हर व्यक्ति की जिम्मेवारी है कि रिसोर्स सेग्रिकेशन को अपनाने के साथ ही प्लास्टिक प्रतिबंध हेतु जागरूक बने, घरेलू गंदे पानी का उचित प्रबंधन आवश्यक है ,सिंगल प्लास्टिक प्रतिबंध हेतू विद्यालय के छात्र.छात्राओं के द्वारा रैली एवं निबंध लेखन कार्य किया गया, साथ ही ग्राम पंचायत में कपड़े की थैली , डस्टबिन का वितरण किया गया।

प्लास्टिक के दुष्परिणाम हेतु दीवार लेखन किया गया। परियोजना निदेशक ने बताया की विदित हो कि 3.3 मेट्रिक टन प्लास्टिक अपशिष्ट प्रतिवर्ष निकलता है, सिंगल यूज प्लास्टिक की बढ़ते उपयोग के कारण प्रतिवर्ष लगभग लाखों लोग सिंगल यूज प्लास्टिक के दुष्प्रभावों से काल के गाल में समा जा रहे हैं। सिंगल यूज प्लास्टिक जहां एक और मिट्टी को बंजर और जल प्रदूषण का बहुत बड़ा कारक बनता जा रहा है ,वहीं दूसरी ओर वायुमंडल में भी वायु प्रदूषण का बहुत बड़ा घटक है। आज सिंगल यूज प्लास्टिक का बढ़ता उपयोग अनेक जीव जंतु, पशु पक्षियों की मृत्यु का एक बहुत बड़ा कारण है।इसकी रोकथाम के लिए हमें 4 आर कांसेप्ट को अंगीकार करना होगा, जिसमें रिड्यूस, रियूज, रिकवर और रीसायकल आयाम को अंगीकार कर अपने दैनिक उपयोग में सिंगल प्लास्टिक के उपयोग को कम करने की आवश्यकता है।

“बदले अपना व्यवहार”

बाजार जाते समय कपड़े एवं जूट का थैला साथ लेकर चलें ,घर पर आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में प्लास्टिक की दोना, कटोरी, चम्मच, प्लेट, थाली , डिस्पोजल का उपयोग न कर दोना पत्तल का उपयोग करें।ग्राम पंचायत में स्वयं सहायता समूह के माध्यम से बर्तन बैंक प्रारंभ करें ,सिंगल यूज प्लास्टिक की थैलियों का उपयोग न करें ,बिखरे पड़े प्लास्टिक को जमीन के अंदर न दबाए और न जलाएं ,सिंगल यूज प्लास्टिक को अपने घर पर एकत्रित कर स्वच्छगृही वाहनों को दें, प्लास्टिक को न कहे ,अपने गांव में सिंगल प्लास्टिक के ,प्रतिबंध हेतु स्वयं संकल्पित हो एवं दूसरों को भी जागरूक करें।

उक्त आयोजन में राजेश जैन जिला समन्वयक, सरपंच श्रीमती सीमा ग्राम पंचायत कठोतिया, सचिव भुनेश्वर सिंह, स्कूल स्टाफ के साथ क्लस्टर समन्वयक प्रभा प्यासी, नेहा ठाकुर, सुभाष परस्ते उपस्थित रहे।