सुरेन्द्र मिनोचा
बैकुंठपुर/कोरिया :- जिले के ग्राम पंचायत चारपारा में विगत कुछ दिनों से वहां के ग्रामीण तालाब में रह रहे एक नाग को देवता मान कर श्रद्धा एवं अंधविश्वास के वशीभूत होकर उसकी पूजा अर्चना करने एवं दूध पिलाने में लगे हुए थे।जबकि इसी नाग ने वहां के एक ग्रामीण को काट लिया था, जिससे उसकी मृत्यु भी हो गई थी। सोशल मीडिया में जब इस नाग की पूजा अर्चना करते ग्रामीणों का वीडियो वायरल हुआ तब कहीं जाकर प्रशासन हरकत में आया और वन विभाग की टीम नाग का रेस्क्यू करने ग्राम चारपारा पहुंची,परंतु वन विभाग की रेस्क्यू टीम को नाग का रेस्क्यू करने से ग्रामिणो ने रोक दिया और वन विभाग की टीम को वहां से बैरंग लौटना पड़ा।इसके बाद जिला प्रशासन सक्रिय हो गया।कलेक्टर विनय लंगेह के कड़े एक्शन के बाद मौके पर सबसे पहले एसडीएम, तहसीलदार एवं राजस्व अमला की टीम, पुलिस टीम,वनविभाग की टीम पहुंची। तहसीलदार बैकुण्ठपुर ने वहां पहुंच कर सबसे पहले नाग का रेस्क्यू करवाया और वन विभाग की टीम ने उसे कहीं दूर जंगल में ले जाकर छोड़ दिया।

आपको बता दे कि ग्रामीणों के रेस्क्यू न करने देने के बाद प्रशासन हरकत में आ गया और मौके पर एसडीएम तहसीलदार और राजस्व अमले को भेजा, पुलिस की टीम के साथ ही वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंच गई।अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाइश दी,तहसीलदार ने पहुंचते ही तालाब से लोगो को बाहर जाने को कहा, सभी को उन्होंने बाहर निकाला,उसके बाद चिरमिरी से सांप पकड़ने वाले अंकित ने तालाब में पहुंच कर नाग को पकड़ा और उसे पीले रंग के बैग में भरकर ले जाया गया। वही स्थानीय ग्रामीण इसका विरोध करते दिखे।
