राजगोपाल पी.व्ही.को जापान में निवानो शांति पुरस्कार मिलने पर गरियाबंद जिले के पदाधिकारी एवं कार्यकताओ में हर्ष का माहौल।

परमेश्वर राजपूत, छुरा

छुरा :- एकता परिषद के संस्थापक और प्रख्यात गांधीवादी व सर्वोदयी नेता राजगोपाल पी.व्ही. को न्याय और शांति की सेवा में उनके असाधारण कार्य के लिए दुनिया की प्रतिष्ठित संस्था निवानों पीस फाउंडेशन, जापान का 40वां निवानो शांति पुरस्कार जापान की राजधानी टोक्यो के इंटरनेशनल हाउस आफ जापान में आज आयोजित समारोह में दिया गया।एकता परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष रन सिंह परमार ने जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि एकता परिषद जनसंगठन के संस्थापक राजगोपाल पी.व्ही. ने प्राकृतिक संसाधनों जल, जंगल और जमीन पर गरीबों के अधिकार के लिए देशभर के कई प्रांतों व राष्ट्रीय स्तर पर सत्याग्रह पदयात्राएं की और वंचितों के अधिकार को अहिंसात्मक व शांतिपूर्ण तरीके से राज्य व केन्द्रीय सरकारों के समक्ष उठाकर नीतिगत बदलाव के लिए प्रयास किया है।

राजगोपाल पी.व्ही. ने देश के सबसे गरीब और हाशिए पर पड़े लोगों के लिए बिना किसी जाति व लैगिंक भेदभाव के समान मानवीय गरिमा और प्रत्येक महिला व पुरूष के समान अधिकारों की मान्यता के लिए शांतिपूर्ण और अहिंसक तरीकों के माध्यम से कार्य किया है।

यह पुरस्कार जल, जंगल और जमीन पर गरीबों के प्राथमिक अधिकार, पर्यावरणीय सुरक्षा, आत्मसमर्पित बागियों के पुनर्वास, युवाओं में शांति व अहिंसा की शिक्षा के लिए दिया गया है। राजगोपाल पी.व्ही को यह पुरस्कार 11 मई 2023 को निवानो पीस फाउंडेषन जापान के अध्यक्ष रेव निचीको निवानो और डा. फलेमिनिया गिओवनेली द्वारा दिया गया।


पुरस्कार मिलने के बाद समारोह को सम्बोधित करते हुए राजगोपाल पी.व्ही ने कहा कि दुनिया में शांति के लिए चार दृष्टिकोण अहिंसक शासन, अहिंसक सामाजिक कार्रवाई, अहिंसक अर्थव्यवस्था और अहिंसक शिक्षा की जरूरत है। उन्होने इस पुरस्कार के लिए अपने जीवन काल में सभी सहयोगियों, साथियों और मार्गदर्शकों के प्रति आभार प्रगट किया। उन्होनें कहा कि भले ही यह पुरस्कार उनको एक व्यक्ति के रूप में दिया गया है लेकिन इसकी धनराषि लगभग एक करोड बाइस लाख रूपये से वे एक ‘शांति कोष’ बनाएंगे जो दुनिया के विभिन्न हिस्सों में शांति निर्माण के लिए फोर फोल्ड दृष्टिकोण को सहयोग करने में मदद करेगा।

महात्मा गांधी सेवा आश्रम के वरिष्ठ साथी अनिल भाई ने बताया कि राजगोपाल पी.व्ही ने देश व विदेश के हजारों युवाओं को शांति व अहिंसा पर प्रशिक्षित कर शांति कार्यकर्ताओं की लम्बी फौज खड़ी की है, जो गांव-गांव में वंचित समुदाय और महिलाओं के अधिकारों के लिए शांतिपूर्ण तरीके से कार्य कर रहे हैं। एकता परिषद के राष्ट्रीय महासचिव अनीष कुमार ने बताया कि राजगोपाल के सानिध्य में स्थापित एकता परिषद देश के 10 राज्यों में अहिंसात्मक तरीके से वंचित समुदाय के प्राकृतिक संसाधनों पर अधिकार और ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर आधारित आजीविका के लिए प्रोत्साहित कर रहा है।


निवानों शांति पुरस्कार राजगोपाल पी.व्ही को मिलने पर भोपाल के अंष हैप्पिनेष सोसाइटी के मोहसिन भाई, नीरू दीवाकर, एकता फाउंडेषन ट्रस्ट के जीतेन्द्र शर्मा, मध्यप्रदेष एकता परिषद के प्रांतीय संयोजक डोंगर शर्मा, पूर्व संयोजक दीपक अग्रवाल, राकेष रतन सिंह, श्योपुर के जयसिंह जादौन, रामदत्तसिंह तोमर,

बुंदेलखण्ड के संतोष सिंह, मालवा की श्रद्वा कष्यप, बघेलखण्ड के निर्भय सिंह, कस्तुरी पटेल, श्रीराम बारेला, सरस्वती उइके ग्वालियर के कुबेर आदिवासी, इन्दर सहरिया, बाबु, सबो बाई, और घाटीगांव के राजेलाल आदिवासी,राष्ट्रीय एकता परिषद के उपाध्यक्ष सीताराम सोनवानी,एकता परिषद के पूर्व गरियाबंद जिला सदस्य परमेश्वर राजपूत के साथ गरियाबंद जिले के एकता परिषद के पदाधिकारी एवं समस्त कार्यकर्ताओं ने राजगोपाल को शुभकामनाएं दी है, यह जानकारी राष्ट्रीय एकता परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष रन सिंग परमार के प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दी गई।