कलेक्टर श्री सिद्धार्थ कुमार ने सुदूरवर्ती ग्राम पंचायत में दी चौपाल

ग्रामीणों के बीच जमीन पर छुपे बातें

कहा-समस्याओं का समाधान करने जिला प्रशासन तत्पर, हरसंभव ईमानदार प्रयास करेंगे

 कांकेर – कलेक्टर  श्रीकांत कुमार 25 अगस्त को जिले के सुदूरवर्ती पूर्वी क्षेत्र का दौरा कर अंतिम वर्ष में शासन की मंजूरी के स्मारक के स्मारक और स्मारकों की जानकारी ली। इसी क्रम में मंगलवार देर शाम को वे अंतागढ़ विकासखंड के बीहड़ क्षेत्र में स्थित पंचायत बहासालेभाट क्षेत्र में स्थित हैं, जहां उन्होंने आध्यात्म के बीच जमीन पर चौपाल लगाई और बारी-बारी से अपने सहयोगियों और विचारधारा को संजीदगी के साथ सुना।इस दौरान रिज़ल्ट से रु ब रु होते हुए कहा गया कि राज्य शासन की विशेष कंपनियों के अंतिम छोर तक पहुंच सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए हरसंभव ईमानदारी का प्रयास किया जाएगा। रिवाल्वर ने यह भी कहा कि उनके गांव बहासालेभाट को मॉडल विलेज (आदर्श ग्राम) के रूप में विकसित किया जाएगा और इसके लिए सभी अधिकारियों को रिवाल्वर के बीच उनकी हर समस्या से अवगत होने के लिए निर्देशित किया गया है। इसके अलावा उन्होंने अंतागढ़ से नारायणपुर रोड के गुणवत्ता पूर्ण निर्माण में तेजी लाने, नवीन वना केंद्र भवन संग्रहालय बनाने, नदी पर एनिकट निर्माण, स्थानीय शैक्षिक छात्रों को रोजगार के लिए एकजुट करने, महतारी जमींदारों को जोड़ने जैसी सभी पार्टियों को सहानुभूति पूर्वक सकारात्मक पहल करने और शासन को प्रस्ताव देने की आवश्यकता बताई। इस अवसर पर जिला पंचायत के सीईओ  हरेश मंडावी, अपर रजिस्ट्रार अंतागढ़ श्री ए एस पैंकरा, उपाध्यक्ष अंतागढ़  राहुल रजक सहित ब्लॉक स्तर के अधिकारीगण उपस्थित थे।

*अंतागढ़-नारायणपुर मार्ग पर ली गई यात्रा, आवश्यक निर्देश*

इसके पहले, रजिस्ट्रार श्री सिद्धार्थ कुमार ने ब्लॉक मुख्यालय अंतागढ़ से नारायणपुर के बीच राजकीय राजमार्ग योजना 05 पर चल रहे ब्लॉकचेन और भर्ती कार्य का अवसर प्राप्त किया। उन्होंने अंतागढ़ से रावघाट प्रोजेक्ट मार्ग के बीच चल रहे कार्य का प्रोजेक्ट करते हुए निर्माण कार्य में लगी लकड़ी की संख्या 10 से सहायक उपकरण 30 करने, साथ ही इन समुदाय को सड़क के प्रारंभिक, अंतिम और मध्य स्थानों पर संलग्न करने के निर्देशपालन कार्यन सहयोगी लोक निर्माण विभाग और संबंधित दल को दिए गए, ताकि निर्माण कार्य द्रुतगति से पूर्ण हो सके। कलेक्टर ने स्थानीय लोगों की समस्याओं को ध्यान में रखते हुए जल्द से जल्द पूरा करने के निर्देशात्मक कार्यपालन का कार्य दिया, साथ ही यह भी स्पष्ट किया कि निर्माण कार्य की गुणवत्ता को लेकर किसी प्रकार की सहमति नहीं दी जाएगी।