पखांजूर – परलकोट जनकल्याण सामाजिक संस्था इन दिनों क्षेत्र के अंदरूनी एवं अतिदुर्गम इलाकों में लगातार किए जा रहे सामाजिक सेवा कार्यों को लेकर लोगों के बीच विशेष चर्चा में बनी हुई है। संस्था द्वारा समाज के जरूरतमंद वर्गों तक पहुंचकर शिक्षा, जनसेवा एवं सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्य किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में संस्था ने छत्तीसगढ़ के अंतिम छोर एवं महाराष्ट्र सीमा से लगे अतिदुर्गम क्षेत्र के ओरछा गांव स्थित शासकीय बालक आश्रम में पहुंचकर अध्ययनरत स्कूली बच्चों को कॉपी-पेन का वितरण किया।
संस्था के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने आश्रम के बच्चों से सीधे संवाद कर उनकी पढ़ाई, दैनिक जीवन और शिक्षा के दौरान आने वाली परेशानियों की जानकारी ली। इस दौरान बच्चों को नियमित रूप से पढ़ाई करने, अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने तथा शिक्षा के माध्यम से बेहतर भविष्य बनाने के लिए प्रेरित किया गया। संस्था के सदस्यों ने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उन्हें हर परिस्थिति में मेहनत और लगन से आगे बढ़ने का संदेश दिया।
अपने बीच सामाजिक संस्था के सदस्यों को पाकर आश्रम के बच्चे भी काफी उत्साहित नजर आए। बच्चों के साथ संस्था के सदस्यों ने आत्मीयता से बातचीत की और उनकी समस्याओं को समझने का प्रयास किया। संस्था के इस प्रयास से बच्चों में खासा उत्साह देखने को मिला।
सैकड़ों महिलाओं को वितरित की साड़ियां
सामाजिक सेवा के इसी क्रम में परलकोट जनकल्याण सामाजिक संस्था द्वारा ओरछा ग्राम पंचायत की सैकड़ों महिलाओं को साड़ी का वितरण भी किया गया। संस्था के सदस्यों ने ग्रामीण महिलाओं से मुलाकात कर उनके साथ संवाद किया और सामाजिक गतिविधियों में उनकी भागीदारी तथा जरूरतों को समझा।
अतिदुर्गम क्षेत्र में पहुंचकर संस्था द्वारा किए गए इस सेवा कार्य की ग्राम पंचायतवासियों, शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं गांव के गणमान्य नागरिकों ने जमकर सराहना की। ग्रामीणों का कहना है कि दूरस्थ क्षेत्रों में पहुंचकर जरूरतमंद बच्चों और महिलाओं तक सहायता पहुंचाना अपने आप में सराहनीय पहल है। इससे न केवल जरूरतमंदों को प्रत्यक्ष लाभ मिलता है, बल्कि समाज में सेवा और सहयोग की भावना भी मजबूत होती है।
परलकोट जनकल्याण सामाजिक संस्था के सदस्यों ने कहा कि संस्था का उद्देश्य केवल सुविधा संपन्न क्षेत्रों तक सीमित रहना नहीं, बल्कि क्षेत्र के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचकर यथासंभव सहयोग करना है। विशेषकर दूरस्थ एवं अंदरूनी क्षेत्रों में शिक्षा को बढ़ावा देने और जरूरतमंदों की मदद के लिए संस्था भविष्य में भी ऐसे सामाजिक सेवा कार्यों को निरंतर जारी रखेगी।
ओरछा में संस्था की इस पहल ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि सच्ची सामाजिक सेवा वही है, जो समाज के उस वर्ग तक पहुंचे, जहां सहायता की सबसे अधिक जरूरत है।
