अर्जुन एवं साजा के 5,000 पौधे तैयार, तसर पालन से बढ़ेगी ग्रामीणों की आय
बीजापुर – कार्यालय सहायक संचालक रेशम के तकनीकी विशेषज्ञों द्वारा कोसा बीज केंद्र भैरमगढ़ के हितग्राहियों को तसर खाद्य पौधे अर्जुन एवं साजा की नर्सरी तैयार करने संबंधी प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण का उद्देश्य हितग्राहियों को गुणवत्तापूर्ण पौध उत्पादन की तकनीक से अवगत कराना तथा तसर पालन के लिए आवश्यक खाद्य पौधों की उपलब्धता सुनिश्चित करना था। प्रशिक्षण के दौरान हितग्राहियों को बीज चयन, बीज अंकुरण की विधि, पॉलीबैग में मिट्टी, रेत एवं जैविक खाद के उचित अनुपात, पौधों की देखभाल, संरक्षण एवं नर्सरी प्रबंधन की संपूर्ण तकनीकी जानकारी दी गई। प्रशिक्षण के परिणामस्वरूप हितग्राहियों द्वारा लगभग 5,000 अर्जुन एवं साजा के पौधे तैयार किए गए हैं।तकनीकी विशेषज्ञों के अनुसार वर्तमान में तैयार इन पौधों को आगामी वर्ष लगभग एक हेक्टेयर क्षेत्रफल में रोपित किया जाएगा। पौधों के पूर्ण विकसित होने के बाद इन पर लगभग 400 तसर स्वस्थ डिम्भ समूहों का पालन किया जा सकेगा, जिससे अनुमानित 20,000 कोसों का उत्पादन प्राप्त होगा।उत्पादित कोसों का औसत बाजार मूल्य लगभग 60 हजार रुपये होने का अनुमान है। इससे हितग्राहियों को अतिरिक्त आय प्राप्त होगी और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम तसर पालन को बढ़ावा देने के साथ-साथ ग्रामीण हितग्राहियों के लिए रोजगार सृजन एवं आय वृद्धि का प्रभावी माध्यम साबित हो रहा है।
