गरियाबंद – कलेक्टोरेट सभाकक्ष में कलेक्टर श्री बी.एस. उइके की अध्यक्षता में आज जिला स्तरीय समीक्षा समिति एवं जिला स्तरीय परामर्शदात्री समिति की 50वीं बैठक जिला कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित की गई। इस दौरान जिला पंचायत के सीईओ प्रखर चंद्राकर, आरबीआई के सहायक महाप्रबंधक क्षितिज वर्मा, नाबार्ड के जिला रिकार्ड प्रबंधक दिलीप दमायिनी, अग्रणी बैंक प्रबंधक विनित मोहन खरे सहित अन्य बैंकर्स एवं संबंधित जिला अधिकारी उपस्थित थे।
बैठक में जिले के सार्वजनिक, निजी बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, सहकारी बैंक, स्मॉल फाइनेंस बैकिंग एवं बैकिंग विकास के आधारभूत आंकड़ों की समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि मार्च 2026 तक जिले में विभिन्न क्षेत्रों के कुल 69 बैंक शाखाएं है। एसएलबीसी रायपुर के बैंक सैचुरेशन प्लान 2022 के तहत गोहरापदर में बैंक ऑफ बड़ौदा शाखा का उद्घाटन फरवरी 2026 में किया गया। इसके अलावा जिले में 09 नवीन बैंक शाखा स्थापित किए जाएंगे। बैंक सैचुरेशन प्लान के तहत इंदागॉव में एचडीएफसी बैंक की नवीन बैंक की स्थापना के लिए प्रस्तावित किया गया है। कलेक्टर श्री उइके ने कहा कि यह क्षेत्र काफी दूरस्थ होने के साथ-साथ स्थानीय जनप्रतिनिधियों के मांग पर यहॉ बैंक स्थापित किया जाएगा।
बैठक में शासकीय योजनाओं और स्थानीय जरूरतों के हिसाब से विकास की योजना तय की जाती है। बैठक में जिले के बैंकिंग गतिविधियों एवं विभिन्न वित्तीय योजनाओं एवं लक्ष्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी बैंकिंग प्रतिनिधियों को निर्देशित किया कि अधिक से अधिक लोगों को हितग्राही मूलक बैंकिंग ऋण सुविधाओं एवं अन्य योजनाओं से लाभान्वित किया जाए। उन्होंने कहा कि विभिन्न शासकीय विभागों द्वारा भेजे गए प्रकरणों को पात्रता अनुसार प्राथमिकता के आधार पर स्वीकृत किया जाए। कृषि, उद्यानिकी, मछलीपालन एवं पशुपालन, अंत्यावसायी, खादी ग्रामोद्योग, एनआरएलएम, उद्योग सहित अन्य विभागों द्वारा भेजे जाने वाले प्रकरणों को भी शीघ्रता से निराकृत करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने कहा कि किसी भी हितग्राही मूलक आवेदन को शाखा स्तर पर लंबित न रखा जाए। जिन बैंक शाखाओं का ऋण अनुपात कम है, उन्हें निर्धारित समय में लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए। प्राथमिकता क्षेत्र, कृषि क्षेत्र एवं एमएसएमई ऋण के वार्षिक लक्ष्य को भी समय में पूरा करने पर जोर दिया गया। बैठक में प्रधानमंत्री जनधन योजना के अंतर्गत खोले गए खातों में आधार और मोबाइल सीडिंग, रूपे कार्ड वितरण, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना, प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, अटल पेंशन योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, युवा स्वरोजगार योजनाओं तथा अन्य योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
कलेक्टर ने बैंकर्स को कहा कि किसानों, युवाओं और उद्यमियों को आसानी से ऋण उपलब्ध कराये। इसके साथ ही शासकीय योजनाओं और स्थानीय जरूरतों को ध्यान में रखकर विकास की योजना तैयार करें। जिला अंत्यावसायी की कार्यपालन अधिकारी सुश्री रश्मि गुप्ता ने प्रधानमंत्री अनुसूचित जाति अभ्यूदय योजना के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि यह योजना अनुसूचित जाति समुदाय के सामाजिक-आर्थिक विकास, कौशल उन्नयन, स्वरोजगार को बढ़ावा देने एवं बुनियादी सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए संचालित की जा रही है। कलेक्टर ने सभी बैंकों से शासकीय योजनाओं से संबंधित प्रकरणों पर रूचि लेकर कार्य करने तथा अधिक से अधिक हितग्राहियों को लाभान्वित करने के निर्देश दिए।
जिला स्तरीय समीक्षा एवं परामर्शदात्री समिति की 50 वीं बैठक सम्पन्न
कलेक्टर श्री उइके ने सभी लोगों को बैंकिंग सुविधाओं से करें अधिक से अधिक लाभान्वित
