( अमीर किरंदुल पालिका की कंजूसी फिर हुई थी उजागर )
( मामला वार्ड नं 13 में लगे प्याऊ घर का था )
किरंदुल — छत्तीसगढ़ राज्य की सबसे अमीर नगर पालिका में सुमार किरंदुल नगर पालिका परिषद अपनी स्थापना दिवस के समय से ही विवादों के घेरे में रहते हुए प्रिंट मीडिया और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया की खबरों की हेड लाइन में बने रहने की आदत सी बना ली है ।पहले तो अप्रैल माह में नगर में पहली बार पड़ रही भीषण गर्मी के बीच पालिका ने किसी भी चौक पर राहगीरों के लिए प्याऊ घर नहीं खोला था परंतु मीडिया में आई खबरों के बाद आननफानन में किरंदुल पालिका ने चौकों में प्याऊ घर तो खोल दिए ।परंतु पानी के मटकों पर कंजूसी करते हुए कई सालों पूर्व के सीमेंट और कलर से पुते पुराने मटकों को नए प्याऊ घर में रखवा दिया था । परंतु मीडिया में आई खबरों के बाद आननफानन में हरकत में आई अमीर नगर पालिका ने प्याऊ घरों में अंग्रेजों के जमाने के रखे मटकों को रातों रात बदल कर नए मिट्टी के मटके रखवा दिये हैं । इस संबंध में चर्चा करते हुए किरंदुल नगर पालिका परिषद के मुख्य नगर पालिका अधिकारी शशिभूषण महापात्रा ने भी कहा था कि मुझे इसकी जानकारी नहीं है । यह गलत हैं नए मटके रखने चाहिए थे । संबंधित अधिकारियों से बात करता हूँ ।
