( अपना काम बनता भाड़ में जाये जनता वाली कहावत हो रही चरितार्थ )
( बिटीओ के पास सड़कों में पानी डालने का भी समय नहीं )
( सिर्फ और सिर्फ कमाई का जरिया बनी हुई है बिटीओ )
किरंदुल — दंतेवाड़ा जिले में ट्रक मालिकों की सबसे बड़ी संस्था बैलाडीला ट्रक ओनर्स एसोसिएशन यानी बिटीओ हमेशा से ही अखबारों या इलेक्ट्रॉनिक मीडिया की हेड लाइन में बनी रहती हैं चाहे वो ट्रकों की पार्किंग स्थल की समस्या हो या बैलाडीला ट्रक ओनर्स एसोसिएशन में सदस्यता लेने की हो । उल्लेखनीय हैं कि बैलाडीला ट्रक ओनर्स एसोसिएशन की ट्रक एनएमडीसी की किरंदुल और बचेली परियोजना से लोह अयस्क का परिवहन छत्तीसगढ़ के साथ साथ तेलंगाना ,महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश में भी करते हैं ।विदित हो कि बैलाडीला ट्रक ओनर्स एसोसिएशन की भारी वाहने एनएमडीसी की किरंदुल और बचेली परियोजना के लोडिंग प्लांट के एमबी साइडिंग से भरकर अन्यंत्र प्रदेशों में जाती है ।उल्लेखनीय हैं कि एनएमडीसी की दोनों परियोजना से भरकर जाने वाली बिटीओ की वाहनेनगर की सड़कों से होते हुए अन्यंत्र प्रदेशों में जाती है परंतु एक दुर्भाग्य का विषय है कि नगर की जिन जिन सड़को से बिटीओ की वाहने गुजरती है उस सड़क पर बिटीओ के द्वारा सड़को पर पानी डाला जाना चाहिए परंतु जो संस्था प्रति माह करोड़ रुपए की कमाई करती हैं वो सिर्फ अपनी कमाई पर हीध्यान केंद्रित कर रही हैं ।जबकि उनकी ही संस्था की गाड़ियों के पहियों से उड़ रही धूल से पूरा नगर धुलमय हो कर लाल रंग से गुजयमन हो रहा है । नगर वासियों के कथन के अनुसार क्या करोड़ो रूपये की प्रति माह कमाई करने वाली बैलाडीला ट्रक ओनर्स एसोसिएशन के पास अपने टैंकर से सड़कों पर पानी डलवाने की भी फुर्सत नहीं है । यहां तो यह कहावत चरितार्थ होती दिख रही है कि अपना काम बनता भाड़ में जाये जनता ।
