
मैनपुर :- सूखा को लेकर मैनपुर, देवभोग, अमलीपदर क्षेत्र में किसान परेशान है समय पर पर्याप्त बारिश नही होने के कारण धान की फसल सूख रही है किसान हजारो रूपये के दवा, खाद, बीज में खर्च कर चुके है और लगातार किसानो द्वारा सूखा अकाल को लेकर आंदोलन किया जा रहा है लेकिन इससे छत्तीसगढ़ के भूपेश बघेल सरकार को कोई फर्क नही पड़ रहा है राज्य सरकार सूखा को लेकर गंभीर नही है उक्त बाते पत्रकारो से चर्चा करते हुए बिन्द्रानवागढ़ विधानसभा क्षेत्र के विधायक डमरूधर पुजारी ने कही। पुजारी ने आगे कहा राज्य सरकार को चाहिए क्षेत्र में सूखा की स्थिति को देखते हुए किसानो के कर्ज माफ किया जाये तत्काल किसानो को राहत पहुंचाई जाये। विधायक पुजारी ने कहा छत्तीसगढ़ के भूपेश बघेल सरकार साढ़े चार वर्षो में अपने घोषणा पत्र में जनता से जो वायदा किया था आज तक पूरा नही कर सका। चाहे शराबबंदी की बात हो या किसानो के कर्जा माफी की बात हो, दो वर्षो का बोनस भी किसानो को नही दिया गया भूपेश बघेल सरकार द्वारा लाखो गरीब परिवारो को प्रधानमंत्री आवास से वंचित रखा गया है। प्रदेश में भ्रष्टाचार शीर्ष पर पहुंच गई है विकास के नाम पर सिर्फ बड़े -बड़े होडिंग पोस्टर बैनर में ही दिखाई देता है धरातल में सरकार की कोई योजना का लाभ नही मिल रहा है। पुजारी ने आगे कहा प्रदेश के बेरोजगार युवको के साथ भूपेश बघेल सरकार ने छल किया है बेरोजगार युवको को न तो बेरोजगारी भत्ता मिल रहा है बेरोजगारी भत्ता के लिए तरह तरह के नियम लागू कर दिये है जिसके तहत हजारो लाखो युवाओं को बेरोजगारी भत्ता से वंचित किया जा रहा है। सरकार के नरवा, गरवा, बाड़ी योजना क्षेत्र में पूरी तरह फ्लाफ साबित हुआ है कही भी मवेशियो के लिए न तो गौठानो में पानी की व्यवस्था है और न ही चारा है मवेशी सड़को पर घुम रह है। पिछले साढ़े चार वर्षो में बिजली विहीन ग्रामो में बिजली पहुंचाने के लिए सरकार द्वारा कोई ठोस कार्ययोजना नही बनाई गई। पेंशन योजना में राशि बढ़ाने की बात कही थी अब तक न तो पेंशन बढ़ा न ही अनियमित कर्मचारियों का नियमितिकरण नही हुआ। क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधा का हाल बेहाल होता जा रहा है स्वास्थ्य कर्मचारियों और डाॅक्टरो पर दमन पूर्वक कार्यवाही किया जा रहा है गांवो में उपस्वास्थ्य केन्द्रो में ताला लगा हुआ है और तो और सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रो डाॅक्टर नही है कर्मचारी, डाॅक्टर, स्वास्थ्य कार्यकर्ता अपने अधिकारो के लिए आंदोलन कर रहे है तो उन्हे सरकार द्वारा दमनपूर्वक कुचलने का कार्य किया जा रहा है।
