धन्य हैं मल्हारगढ़ के मतदान जो अपनों की मौत का माल पचाने वाले को ही विजयी बनाते हैं?

भोपाल-अवधेश पुरोहित

भोपाल :- मध्यप्रदेश में जैसे जैसे विधानसभा के चुनाव निकट आरहे हैं? वैसे वैसे हमारे जनप्रतिनिधियों और उनको चुनकर विधानसभा में भेजने बाले एक दिन राजा “मतदाताओं” को लेकर चर्चीऐं चटखारे लेकर करते हुए लोगों को सुनने को मिल रही हैं? वैसे मध्यप्रदेश का राजनीतिक माहौल दो दलिय है लेकिन इस समय दोनों ही दलों के नेताओं द्वारा कुछ वोट काटु दलों और राजनैतिक दलों को मध्यप्रदेश में सक्रीय कर अपनी जीत पक्की करने प्रयास किए जा रहे हैं? प्रदेश में हुए नगरीय निकाय के चुनाव के दौरान मध्यप्रदेश में सक्रिय आम आदमी पार्टी को अच्छी सफलता हासिल होने की बजह से वह भीअपना दाव खेलने के लिए जोर लगा रही है? लेकिन इस सबके बीच हर पार्टी मध्यप्रदेश की सत्ता पर काबिज होने की जोडतोड में लगी हुई है? अभी हाल ही में नीमच के हमारे मित्र के यहाँ पारिवारिक कार्यक्रम में शामिल होने का अवसर मिला एक दिन के कार्यक्रम में भाग लेकर वापस भोपाल आ रहा था कि मऊ नीमच हाईवे स्थित मध्यप्रदेश के वित्त मंत्री जगदीश देवढा के निर्वाचन क्षेत्र के पिपलिया मंडी में सडक किनारे चौपाटी पर चाय, नास्ता के लिए प्रसिद्ध दुकानों को देख चाय पीने की इच्छा हुई वहां गाडी रुकवाकर चाय बनाने का आर्डर दिया और दुकान के पास बैठे लोगों से चर्चा करने लगा उन लोगों से पुछने पर पता चला कि यह क्षेत्र वित्त मंत्री जगदीश देवढा के विधानसभा क्षेत्र के अन्तर्गत आता है? इन लोगों से जगदीश देवढा जी बारे जानकारी ली तो वहां खडे लोगों में एक ने बताया कि बाबुजी हमारे विधायक में अपने ही मतदाताओं के मारे का माल डकारने की क्षमता है? उसके बाद भी हम लोग उन्हें विधायक बनाते हैं? जब उनसे जानना चाहा कि भाई ऐसा क्यों कह रहे तो उनका सभी का एक स्वर में कहना था शराब माफियाओं और सिट्टोरियों से कौन अपने परिवार को पिटवाए? इन लोगों की चर्चा सुनकर यह कहने को मजबूर हो गया कि धन्य है इस निर्वाचन क्षेत्र के मतदाताओं को प्रणाम धन्य हो आप सभी जो इतना सब कुछ घटने के बाद भी ऐसे विधायक को चुनने का साहस करते तो जो विधायक अपने चहते शराब कारोबारी के यहां से खरीदी गई जहरीली शराब पीने के 14 लोगों की मृत्यु हो जाने बाद भी मतदाताओं के दुख में साथ देने की बजाय उल्टे शराब कारोबारी के बेटे से सोने की चैन भेंट में लेने परिहेज नहीं करते हैं? बल्कि कांग्रेस को छोड़ कर सिंधिया के साथ आए मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को बोनस में चौथी बार सत्ता पर काबिज कराने बाले मंदसौर के प्रभारी मंत्री को चांदी की कटार भेंट करवाते हैं? धन्य है मल्हारगढ़ विधानसभा क्षेत्र के मतदाताओं को धन्य सादर प्रणाम जो जगदीश देवढा जैसे भजकलदारम की कार्यशैली के चलते सिमी के आंतकवादी को जेल से रिहा करने की शिफारिश करके मध्यप्रदेश को शांति के टापू को आंतकवादी के प्रतिक्षण केन्द्र बनाने में सहयोगी बनने की भूमिका निभाई है?