राजिम :- इसे खाने से वजन घटाने में मदद मिलती है। प्रोटीन से भरपूर होने की वजह से अरहर की दाल खाने से पेट लंबे समय तक भरा रहता है। जिन लोगों को बीपी हमेशा एक जैसा नहीं रहता उन्हें खाने में अरहर की दाल को जरूर शामिल करना चाहिए। ये हाई बीपी को कंट्रोल करने में मदद करता है।अरहर दाल खाने के कई फायदे हैं। इनके सेवन से कई प्रकार की समस्याओं और पोषक तत्वों की कमी दूर होती है। दरअसल अरहर दाल में फोलिक एसिड, आयरन, प्रोटीन, कैल्शियम, मैग्नीशियम, फॉस्फोरस और पोटैशियम पाया जाता है। साथ ही इसमें जिंक, कॉपर, सिलेनियम और मेंगनीज जैसे तत्व भी पाए जाते हैं, जिसकी मदद से शरीर का पाचन तंत्र सही रहता है। साथ ही इसमें भरपूर मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है, जिसकी मदद से आपको वजन कम करने में भी मदद मिलती है। इसके अलावा हाई ब्लड प्रेशर और डायबिटीज को भी कंट्रोल करने में मदद मिलती है। आप कई तरह से इसका सेवन कर सकते हैं लेकिन कई लोगों के लिए अरहर की दाल के नुकसान भी इसलिए डॉक्टर की सलाह के बाद ही ऐसे लोग इस दाल का सेवन करें।

अरहर की दाल के फायदे
वजन कम करने में मददगार:- अरहर दाल के सेवन से आपको जल्दी वजन घटाने में मदद मिलती है। दरअसल अरहर की दाल में भरपूर मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है, जिसकी मदद से आपका पेट लंबे समय तक भरा रहता है और शरीर को आवश्यक तत्व भी मिलते हैं। इसकी मदद से आप जल्दी ही अपना वजन घटा सकती है। साथ ही प्रोटीन शरीर की कोशिकाओं के विकास के लिए भी काफी महत्वपूर्ण होता है।
बीपी करे कंट्रोल :- अरहर की दाल में पोटैशियम भरपूर मात्रा में पाया जाता है, जिसकी मदद से हाई ब्लड प्रेशर को कम किया जा सकता है। यदि आप हाई ब्लड प्रेशर से पीड़ित हैं, तो आपका हृदय रोगों का खतरा भी हो सकता है इसलिए अपने बीपी को कंट्रोल करने के लिए आप अरहर दाल का सेवन कर सकते हैं।

पाचन तंत्र बनाए मजबूत :- दाल में उच्च मात्रा में फाइबर पाया जाता है, जिसकी मदद से भोजन का पाचन आसानी से हो जाता है। साथ ही इसके सेवन से गैस और अपच की शिकायत भी नहीं होती है। यह भोजन के सही पाचन के साथ-साथ ऊर्जा भी प्रदान करता है, जिससे आपका शरीर पूरे दिनभर दुरुस्त रहता है।
डायबिटीज को कम करने में सहायक :- अरहर की दाल में मौजूद पोटैशिम ब्लड शुगर को भी कम करने में कारगर होता है। इसमें पाया जाने वाला पोटैशियम एक वैसोडिलेटर के रूप में काम करता है, जो ब्लड शुगर लेवल को कंट्रोल करने में मदद करता है। हालांकि अगर डायबिटीज के साथ कोई अन्य समस्या भी है तो डॉक्टर की सलाह के बाद ही अरहर की दाल का सेवन करें।
प्रेग्नेंसी में सहायक :- प्रेग्नेंट महिलाएं भी अरहर दाल का सेवन कर सकती है। दरअसल अरहर दाल में फोलिक एसिड पाया जाता है, जो बच्चे के विकास के लिए काफी अहम होता है। ऐसे में आप अपनी स्थिति के अनुसार, डॉक्टर की सलाह पर अरहर दाल का सेवन कर सकते हैं।
अरहर दाल के नुकसान

अरहर दाल में भरपूर मात्रा में प्रोटीन पाया जाता है। ऐसे में कुछ खास बीमारियों में अरहर की दाल का सेवन नहीं करना चाहिए। अगर आपका यूरिक एसिड बढ़ा हुआ है, तो आपको अरहर दाल का सेवन नहीं करना चाहिए। किडनी से संबंधित अगर आपको कोई समस्या है, तो इसमें भी अरहर दाल का सेवन नहीं करना चाहिए। रात में अरहर दाल के सेवन से बचे क्योंकि रात के समय यह अच्छी तरह से पच नहीं पाता है।अगर आपको दाल खाने के बाद किसी तरह की एलर्जी महसूस हो रही है, तो इसका सेवन न करें। इसके अलावा इसमें कुछ अमीनो एसिड नहीं पाए जाते हैं, तो शाकहारी लोगों को अरहर की दाल के साथ रोटी या चावल जरूर लेना चाहिए ताकि भरपूर मात्रा में एमिनो एसिड मिल सके।
अरहर दाल का उपयोग

दाल बनान के लिए आप साबुत अरहर दाल का इस्तेमाल कर सकते हैं। इसकी दाल से आपको सेहत और स्वास्थ्य दोनों मिलते हैं। इसकी छिली हुई दाल से तड़का दाल बनाई जा सकती है। इससे पाचन तंत्र मजबूत होता है। अरहर दाल को पीसकर, फिर उसे घी में भुन दें। बाद में उसमें शक्कर मिलाकर, पराठे बनाए जा सकते हैं।इसके अलावा अरहर की दाल को उबालकर उसकी रसदार सब्जी बनाई जा सकती है।चावल और सब्जी के साथ मिलाकर इसकी स्वादिष्ट खिचड़ी भी बनाई जा सकती है।
