सेवा संकल्प अभियान के तहत खाद्य विभाग ने सेवा सेतु शिविर का प्रस्ताव रखा

राशन कार्ड, आधार कार्ड सहित खाद्य एवं जन कल्याण योजना की दी गई जानकारी

कांकेर – सेवा संकल्प अभियान के तहत जिला प्रशासन द्वारा आम नागरिकों को दस्तावेजीकरण एवं सेवाओं का लाभ सहजता से उपलब्ध उद्देश्यों के उद्देश्य से विभिन्न सुविधाओं के माध्यम से सेवा सेतु शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा न्यू कम्यूनिटी हॉल, कांकेर में सेवा सेतु शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में कांकेर नेता  आशाराम नेता मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के प्रमुख सचिव एवं जिले के प्रभारी सचिव श्रीमती रीना बाबासाहबले, नगरपालिका अध्यक्ष  अरुण कंगाले एवं जिला अध्यक्ष श्रीमती पूर्णिमा कावड़े विशेष रूप से उपस्थित रहे।
शिविर में हितग्राहियों को खाद्य विभाग की ओर से अलग-अलग तरह की जानकारियां एवं सेवाओं की जानकारी आधार प्रमाण पत्र के साथ दी गई, नए राशन कार्ड के लिए आवेदन सहित अन्य जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराई गईं। प्रधानमंत्री उजाला योजना के अंतर्गत गैस कनेक्शन से संबंधित जानकारी एवं सुविधाओं के बारे में भी हितग्राहियों को बताया गया है।
शिविर को संबोधित करते हुए नेता मोदी श्री आशाराम नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी 25 वर्ष के जनसेवा अवसर पर सेवा संकल्प अभियान आयोजित करने जा रहे हैं। अभियान के माध्यम से विभिन्न विभाग अपनी-अपनी जिम्मेदारी के साथ जनकल्याणकारी सेवाओं को आम जनता तक पहुंचा रहे हैं। उन्होंने कहा कि खाद्य विभाग से सीधे तौर पर आम नागरिकों का जीवन जुड़ा हुआ है और सार्वजनिक वितरण प्रणाली के माध्यम से दस्तावेज़ परिवार तक की व्यवस्था की गई है। उन्होंने गैर-सरकारी संगठनों के साथ-साथ अन्य लोगों के लिए भी दस्तावेजी दस्तावेजों की जानकारी ली।
प्रमुख खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति सचिव एवं जिले की प्रभारी सचिव श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान के तहत जिलों में विभिन्न माध्यमों से जनकल्याणकारी मंजूरी एवं सेवाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। स्वास्थ्य शिविर में अलग-अलग जिलों में स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक नागरिक अपना लाभ उठा सकें। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक वितरण प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए लगातार प्रयास किये जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम वर्ष 2013 में लागू हुआ था, जबकि छत्तीसगढ़ में सबसे पहले छत्तीसगढ़ खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2012 का प्रभाव पड़ा था।
श्रीमती कंगाले ने बताया कि छत्तीसगढ़ में हितग्राही प्रधानमंत्री गरीब योजना में बड़ी संख्या में लोग शामिल होते हैं। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में नि:शक्तजन एवं निराश्रित लोगों के लिए 10 बच्चों के राशन कार्ड की व्यवस्था निःशुल्क उपलब्ध करायी जा रही है। उन्होंने भोजन एवं वितरण व्यवस्था को अधिक विस्तार से बताया, तकनीकी तकनीक आधारित निर्माण की दिशा में जा रहे हैं। उन्होंने अन्नु आर्टिफैक्ट ग्रेन एटीएम का उल्लेख करते हुए बताया कि रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर में ऐसी व्यवस्था शुरू की गई थी, जिसके माध्यम से हितग्राही प्रक्रिया के तहत स्थापित प्रक्रिया के तहत व्यापारी प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि भविष्य में कांकेर जिले में भी ऐसी आधुनिक तकनीक आधारित सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास किया जायेगा। उन्होंने बताया कि राशन कार्ड में नए सदस्य का नाम जोड़ने या नए राशन कार्ड के लिए ग्राम एवं नगर पालिका को अधिकृत किया गया है और नागरिक ऑनलाइन आवेदन भी कर सकते हैं।
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी  हरेश मंडावी ने कहा कि राज्य शासन के निर्देशानुसार जिले के अलग-अलग स्थानों पर सेवा सेतु शिविर का आयोजन किया जाएगा, ताकि लोगों को मंजूरी और सेवाओं का लाभ लेने के लिए दूर न जाना जाए। उन्होंने बताया कि 30 सितंबर को ग्राम मोड में सेवा सेतु सह मेगा स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया जाएगा, जिसमें विभिन्न विशेषज्ञ शिविरों द्वारा निःशुल्क स्वास्थ्य परामर्श एवं जांच की सुविधा उपलब्ध करायी जायेगी। उन्होंने नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में शिविर में प्रवेश लाभ लेने की अपील की।
श्री मंडावी ने सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत जिलों में जनभागीदारी से जुड़े कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए बताया कि जिलों में लगभग 10 लाख दीयों से ‘आशीर्वाद का दीया’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। उन्होंने कहा कि सेवा संकल्प अभियान का उद्देश्य शासन की परिभाषा को अंतिम व्यक्तित्व तक जनभागीदारी के माध्यम से सेवा की भावना को मजबूत करना है।
इस अवसर पर नगरपालिका के अध्यक्ष  अरुण कुमार एवं पूर्व सांसद  मोहन मंडावी ने भी नागरिकों को चिन्हित किया और शासन की जनकल्याणकारी मंजूरी की जानकारी के लिए अधिक से अधिक लोगों तक की सिफारिश की। कार्यक्रम में खाद्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, स्मारक एवं बड़ी संख्या में हितग्राही उपस्थित रहे।