धमतरी में एआई क्रांति की ओर बड़ा कदम

एआई अपस्किलिंग कोर्स प्रवेश परीक्षा 2026 का सफल आयोजन

छात्र-छात्रओं को अनौपचारिक तकनीकी प्रशिक्षण एवं रोजगार के अवसर

धमतरी – जिले के युवाओं को भविष्य की आधुनिक तकनीक से जोड़कर उन्हें रोजगारोन्मुख एवं तकनीकी रूप से सक्षम बनाने की दिशा में जिला प्रशासन धमतरी द्वारा एक अभिनव पहल करते हुए कृत्रिम कौशल प्रशिक्षण पाठ्यक्रम प्रवेश परीक्षा 2026 (एआई अपस्किलिंग कोर्स प्रवेश परीक्षा 2026) के लिए विशेषज्ञों का आयोजन किया गया। कलेक्टर एबीनाश मिश्रा के निर्देशन एवं नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को कृत्रिम बुद्धिमत्ता (आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस) एवं डिजिटल विश्वविद्यालयों के क्षेत्र में गुणवत्ता पूर्ण प्रशिक्षण उपलब्ध है।

आज के डिजिटल एवं प्रौद्योगिकी-प्रधान दौर में एआई विश्व की सबसे तेजी से विकसित होने वाली सबसे अधिक मांग वाली तकनीक शामिल हो गई है। इसी आवश्यकता पर ध्यान देने की आवश्यकता है, जिला प्रशासन द्वारा युवाओं को आधुनिक कौशल प्रदान करने से लेकर रबर बनाने तक की विशेष पहल की गई है। परीक्षा का आयोजन पी.जी.कॉलेज धमतरी में रविवार को आईटी भवन में आयोजित किया गया, जिसमें जिले के विभिन्न कॉलेजों एवं शिक्षण संस्थानों के छात्रों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

परीक्षा में कुल 107 छात्रों ने सुपरमार्केट और 59 छात्रों ने ऑफ़लाइन माध्यम से प्रशंसा की। बड़ी संख्या में युवाओं की भागीदारी में यह शामिल है कि जिलों के छात्र-छात्रों में एआई, डिजिटल लैपटॉपिंग और नए उद्योगों के प्रति जागरूकता और रुचि विकसित हो रही है।

परीक्षा के मीडिया से आगे विशेष एआई कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रम से जुड़ेंगे। यह प्रशिक्षण प्रतिष्ठित संस्था लर्निजॉय बैंगलोर द्वारा संचालित है, जिसमें एआई वीडियो जेनरेशन, वेबसाइट डेवलपमेंट, एआई एजेंट्स मेकिंग, ऑटोमेशन टूल्स, डिजिटल प्रोडक्टिविटी, प्रॉम्प्ट इंजीनियरिंग और आधुनिक तकनीकी समाधान विकसित करने के लिए एआई वीडियो जेनरेशन, वेबसाइट डेवलपमेंट, एआई एजेंट्स मेकिंग, ऑटोमेशन टूल्स, प्रॉम्प्ट इंजीनियरिंग और आधुनिक तकनीकी समाधान विकसित किए गए हैं।

प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य केवल तकनीकी जानकारी देना नहीं है, बल्कि युवाओं को रोजगार, इंटर्नशिप, फ्रीलांसिंग, डिजिटल उद्यमिता और प्रौद्योगिकी के अवसरों से जोड़ना भी है। प्रशिक्षण के दौरान विशेषज्ञों की वर्तमान आवश्यकताओं के विशेषज्ञ व्यावहारिक एवं उद्योग-उन्मुख शिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे वे राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर उपलब्ध डिजिटल अवसरों का लाभ उठा सकेंगे।

रजिस्ट्रार एबीनाश मिश्रा ने कहा कि “एक समय एआई और डिजिटल तकनीक का है। यदि युवाओं को समय-समय पर आधुनिक प्रौद्योगिकी का प्रशिक्षण दिया जाए, तो वे केवल बेहतर रोजगार प्राप्त कर सकते हैं, बल्कि स्वयं शिक्षण और नवाचार के माध्यम से रोजगार सृजन भी कर सकते हैं। जिला प्रशासन धमतरी का प्रयास है कि जिले के छात्रों को वैश्विक स्तर के स्नातक स्तर की पढ़ाई उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे भविष्य की संभावनाओं को पूरी तरह से तैयार कर सकें।”

उन्होंने आगे कहा कि जिला प्रशासन द्वारा भविष्य में भी युवाओं के लिए नवाचार आधारित प्रशिक्षण, डिजिटल उद्यमिता एवं प्रौद्योगिकी आधारित रोजगार कार्यक्रम निरंतर आयोजित किये जायेंगे।

उल्लेखनीय है कि इससे पहले आयोजित युवा उत्सव में भी एआई वर्कशॉप का आयोजन किया गया था, जिसमें उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 4 छात्रों को इंटर्नशिप का अवसर प्रदान किया गया था। इस उपलब्धि से प्रेरित होकर बड़ी संख्या में छात्रों ने एआई अपस्किलिंग कोर्स प्रवेश परीक्षा में भाग लिया।

कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में विशेष उत्साह देखने को मिला। कई वैज्ञानिकों ने इसे अपने करियर के लिए महत्वपूर्ण पद दिए हैं और कहा है कि एआई और आधुनिक तकनीकी प्रशिक्षण भविष्य में उन्हें बेहतर रोजगार, कथा और वैश्विक डिजिटल मंच पर कार्य करने के नए अवसर प्रदान करेंगे।

जिला प्रशासन धमतरी के इस शुरूआती जिले को तकनीकी नवप्रवर्तन डिजिटल एवं आर्किटेक्चरल क्षेत्र में नई पहचान की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाने जा रहा है। यह प्रयास “कौशल विकास”, “डिजिटल इंडिया” एवं आत्मनिर्भर युवा निर्माण की भावना को मजबूत करने की दिशा में सार्थक पहल साबित होगा।