कोंडागांव जिले को मिली 09 एम्बुलेंस की सुविधा

जिले में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को स्थान दिया गया है

कोंडागांव – मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय की जिले में सबसे पहले आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की और अधिक जानकारी और प्रभावी बनाने की दिशा में आज 06 फोर्स लाइफ सपोर्ट (बीएलएस) एवं 01 एडवांस्ड लाइफ सपोर्ट (एएलएस) एम्बुलेंस सहित कुल 07 एम्बुलेंस की शुरुआत हुई। नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष  नरपति पटेल, उपाध्यक्ष  जसकेतु हेमंडी सहित स्थानीय अनुष्ठान द्वारा सभी एम्बुलेंस को हरित आवास की खोज की गई। इससे आपातकालीन यूक्रेन में नागरिकों को तत्काल एवं गुणवत्ता पूर्ण चिकित्सा सहायता सुनिश्चित होगी। इस अवसर पर मनोज जैन, कुलवंत चहल, जिला पंचायत सीईओ अविनाश भोई, चिकित्सा मुख्य एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर के चतुर्वेदी, सिविल इंजीनियर डॉ. पी. एल. मंडावी सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहे।

डॉक्टर शिष्या नूपुर राइस पन्ना ने कहा कि नई जादूगर सुविधा से तटीय इलाकों में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच होगी। नगर परिषद के अध्यक्ष श्री नरपति पटेल ने नवगठित पादरी सेवा की शुरुआत में शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देने के उद्देश्य से और स्थानीय प्रमुख विद्वान लता हेमंडी के निरंतर प्रयास से इस जिले को यह शुरुआत मिली है। नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष श्री जस्टुके हेमंडी ने भी जिले के 9 शिखर सम्मेलन में मुख्यमंत्री श्री  देव साय और स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी सहायक के लिए कार्यक्रम आयोजित किया।

उल्लेखनीय है कि इस सबसे पहले फर्स्ट बार नियोनेटल एएलएस एम्बुलेंस की शुरुआत हुई थी, जो नवजात शिशु की आपातकालीन देखभाल के क्षेत्र में एक मील का पत्थर साबित होगा। यह स्थिति सेवा राज्य की नवजात सुरक्षा के प्रति परत को अलग करती है और गंभीर रूप से नवजात शिशु को सुरक्षित रूप से उच्च वैज्ञानिक उपचार के लिए नामांकन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।

प्रदेश में एम्बुलेंस सेवा की समय सीमा सुनिश्चित करने के लिए यह लक्ष्य निर्धारित किया गया है कि शहरी क्षेत्रों में 15 मिनट और ग्रामीण क्षेत्रों में 30 मिनट के लिए एम्बुलेंस सेवा उपलब्ध कराई जाए, ताकि प्रत्येक एम्बुलेंस तक समय पर सहायता पहुंच सके।

नियोनेटल एम्बुलेंस सेवा को ऑफलाइन सुविधा प्रदान की गई है। इन पाठ्यपुस्तकों में से एक, 24×7 ई-डिजिटल एवं 24×7 ई-डिजिटल एवं 24×7 ई.पू. के साथ विशेषज्ञ चिकित्सकों का ऑनलाइन मार्गदर्शन सुनिश्चित किया गया है। इन एम्बुलेंसों में इन्क्यूबेटर, कैटरपिलर, डेसिब्रिलेटर, सिरिंज पंप, नेब्युल बैगलर, सक्शन मशीन, एसोसिएटी ऑक्सीजन सपोर्ट और 41 प्रकार की आपातकालीन औषधियाँ सहित सभी आवश्यक जीवनरक्षक उपकरण उपलब्ध हैं, जो क्वेश्चन “चलते-फिरते नवजात शिशु” के रूप में स्थापित हैं।

इसके अतिरिक्त, बीएलएस और एएलएस एम्बुलेंस में गंतव्य पर ही प्राथमिक और उन्नत चिकित्सा सहायता उपलब्ध है, जिसके लिए बीपी मॉनिटर, पोलोडायमीटर, ईसीजी मॉनिटर, ग्लूकोमेट्रिक जैस जांच सुविधा के साथ ऑक्सीजन सपोर्ट, नेब्युलसंस्करण और अन्य आपातकालीन चिकित्सा व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। गंभीर रूप से सुरक्षित लैबोरेट्री जमाकर्ता, डिवाइसब्रिलेटर मॉनिटर, सिरिंज पंप, लैंजोस्कोप सहित अन्य उन्नत उपकरण भी उपलब्ध हैं। यह प्रारंभिक क्षेत्र में आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की आसान, त्वरित एवं प्रभावशाली सुरक्षा करने वाले नागरिकों के लिए एक मजबूत जीवनरक्षक तंत्र के रूप में स्थापित की जाएगी।