धान की पारंपरिक खेती से आगे बढ़कर सब्जी एवं ऑयल पाम की खेती से बढ़ाई आय

कलेक्टर, पुलिस अधिक्षक सीईओ सहित अधिकारियों ने चंद्रषेखर के उद्यानिकी फसलों का अवलोकन कर उनकी मेहनत की सराहना की
उद्यानिकी खेती से प्रेरित होकर क्षेत्र के अन्य किसान भी अपना रहे नई कृषि पद्धति

गरियाबंद – देवभोग विकासखण्ड के अंतर्गत ग्राम करचिया के किसान  चंद्रशेखर नायक एक सफल किसान है। वे फसल चक्र परिवर्तन अपनाकर वे उद्यानिकी कृषि की ओर अग्रसर है। कलेक्टर श्री बीएस उइके, पुलिस अधिक्षक  वेदव्रत सिरमौर एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रखर चंद्राकर स्वयं उनके खेतों का अवलोकन कर उनकी मेहनत एवं सफलता के लिए उन्हें शुभकामनाएं एवं बधाई दी।
उद्यानिकी कृषक श्री चंद्रशेखर नायक ने बताया कि उनके पूर्वज पहले 5 एकड़ में धान की खेती करते थे। लेकिन उनकों कड़ी मेहनत के बावजुद भी ज्यादा आय अर्जित नहीं होती थी। फिर उन्होने उद्यानिकी विभाग के अधिकारी-कर्मचारी के सम्पर्क में आकर 10 डिसमिल से सब्जी की खेती करना शुरु किया। इस दौरान उद्यानिकी विभाग द्वारा उन्हें निःशुल्क में खाद, बीज, कीटनाशक, स्प्रेयर सहित अन्य आवश्यक सामग्री प्रदान की। जब उन्होंने सब्जी की खेती के लिए प्रयास किया तो उन्हें आसपास के लोग सब्जी उगाने से मना कर कहते थे कि इससे अधिक फायदा नहीं होगा। लेकिन उन्होंने कड़ी मेहनत कर उद्यानिकी फसल लगाने की ठान रखी थी। इसके उपरांत उद्यानिकी कृषि से प्राप्त सब्जियों को स्थानीय बजार में बेचना शुरू किया तो उन्हें इससे अच्छा लाभ होने लगा। फिर उन्होंने पूरे 5 एकड़ कृषि भूमि पर शेडनेट पद्धति से दोनों भाई स्ट्रॉबेरी का फल, मुनगा, टमाटर, बैंगन, नींबु, लौकी सहित अनेक प्रकार की सब्जी खेती करने लगे। इससे उन्हें और अधिक मुनाफा मिलना शुरू हुआ। वर्तमान मे उन्हें केन्द्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना नेशनल मिशन ऑन एडिबल आयल – ऑयल पाम की खेती उद्यानिकी अधिकारीके मार्गदर्शन में 5 एकड़ में कर रहे है। उद्यानिकी विभाग द्वारा अनुदान भी प्रदान की गई है। उन्होंने बताया कि वे लगभग 22 वर्षों से उद्यानिकी फसल लगा रहे हैं जिससे आय में काफी वृद्धि हुई है। उन्होंने बताया कि अपने बच्चों को भी उधानिकी कृषि के लिए उच्च शिक्षा की पढ़ाई करा रहे हैं। इनके उद्यानिकी के क्षेत्र में सफल होने पर अन्य ग्रामीण क्षेत्र के किसानों में सब्जी की खेती की ओर रुझान बढ़ रहा है।