अतिरिक्त सचिव श्रीमती कैरेलिन खोंगवार देशमुख ने किया आकांक्षी जिला आकांक्षी ब्लॉक कार्यक्रम में प्रगति की समीक्षा।

कांकेर – भारत सरकार सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय की अपर सचिव श्रीमती कैरेलिन खोंगवार देशमुख ने आज जिला कार्यालय कांकेर में बैठक लेकर भारत सरकार के नीति आयोग द्वारा संचालित आकांक्षी जिला एवं आकांक्षी ब्लॉक कार्यक्रम के अंतर्गत स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, कृषि, वित्तीय समावेशन एवं साझा मंडल जैसे प्रमुख विषयों की समीक्षा की। सर्वे में प्रगति की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि जिलों की रैंकिंग और सुधार के लिए मंजूरी का आश्वासन दिया जाए। नवाचार और जनभागीदारी को बढ़ावा दिया जाए, तटीय इलाकों तक सेवाओं की पहुंच और मजबूत करने के लिए समन्वय समन्वय और पर्यवेक्षण प्रणाली की स्थापना की जाए। दूर दराज के क्षेत्र में जन जागरूकता अभियान के तहत व्यवसायियों को शासन के लिए मंजूरी दी गई। हाई स्कूल एवं हैयर सेकेन्ड्री स्कूल में छात्रों के ड्रॉप आउट के दर को कम करने का प्रयास किया गया और स्कूल-स्टार पर निगरानी और परामर्श की व्यवस्था सुनिश्चित की गई। महिला स्वयं सहायता समूह को खाद्य एवं वनोपज के ब्रांडिंग और ब्रांडिंग के लिए कौशल विकास का प्रशिक्षण देने के लिए उन्हें बाजार से जोड़ने का प्रयास किया गया। अपर सचिव ने साजिद देशमुख ने आकांक्षी ब्लॉक दुर्गूकोंदल एवं कोयलीबेड़ा में जा रहे कार्यों की भी समीक्षा की और कोयलीबेड़ा के सुदूरवर्ती इलाकों में नेटवर्क की समस्या को देखने के लिए नेटवर्क रीच वाले क्षेत्र में पर्यटक पोषण ट्रेकर की जानकारी संबंधी जानकारी संबंधित अधिकारियों को दी। बाल विवाह पर रोक के लिए जागरूकता अभियान भी चलाया गया। आकांक्षी जिला और आकांक्षी ब्लॉक कार्यक्रम में प्रगति पर संतोष ने बातचीत करते हुए कहा कि पिछली बार जब मैं कांकेर आया था और अब की तुलना में जिले के प्रदर्शन में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला है। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों को आगे भी बेहतर काम करने के लिए प्रेरित किया।

कलेक्टर श्री निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने कांकेर जिले की भौगोलिक स्थिति, प्रशासनिक संरचना एवं जिलों के जनसंख्या में लिंगानुपात की जानकारी देते हुए बताया कि कांकेर जिले की लिंगानुपात बहुत अच्छी है। वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार जिले की जनसंख्या में एक हजार पुरुषों पर एक हजार छह महिलाओं का लिंगानुपात है। आकांक्षी जिला एवं आकांक्षी ब्लॉक कार्यक्रम को जिलों में बेहतर ढंग से संचालित किया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि भारत सरकार के नीति आयोग के आकांक्षी जिला कार्यक्रम के तहत साइंटिस्टों- स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, कृषि आदि में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए कांकेर जिले को रजत पदक प्राप्त हुआ है। इसके साथ ही कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण एवं सामाजिक विकास के शोधकर्ताओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए कोयलीबेड़ा ब्लॉक को स्वर्ण पदक और दुर्गूकोंदल ब्लॉक को रजत पदक से सम्मानित किया है। उन्होंने जिले में संचालित सर्वोत्तम अभ्यास “मावा मॉडल” की जानकारी देते हुए बताया कि इसके माध्यम से जिले के छात्रों को प्रतियोगिता परीक्षाओं की निःशुल्क तैयारी कराई जा रही है। शिक्षा में गुणवत्ता सुधार के लिए हमारा लक्ष्य अभियान चलाया जा रहा है, जिसके परिणामस्वरूप बोर्ड परीक्षाओं में कांकेर जिले का प्रदर्शन बेहतर हो रहा है।बैठक में संयुक्त सचिव जदयू विकास विभाग रायपुर  अनुपम महाराजा, डी फाइनेंसियल भानुप्रतापपुर  हेमचंद पहाड़े, जिला पंचायत सीईओ  हरेश मंडावी सहित विभिन्न जिलों के जिला प्रमुख पदाधिकारी एवं नीति आयोग के पदाधिकारी उपस्थित थे।