कोंडागांव के वैज्ञानिक शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का उद्घाटन कोंडागांव के महासचिव कमांडर ने किया।

फुटबॉल, तीरंदाजी और मलखंभ में खिलाड़ी अपने जौहर दिखाएंगे।

कोंडागांव – कोंडागांव के उपाध्यक्ष एवं कोंडागांव के नेता नागाबाड़ा सेंडी ने आज स्थानीय विकास नगर स्टेडियम में 25वीं राज्य स्तरीय प्रतिष्ठित शैलेय क्रीड़ा प्रतियोगिता का शुभारंभ किया। यह प्रतियोगिता 28 अगस्त से 31 अगस्त 2025 तक जारी है, जिसमें राज्य के रायपुर, जंगल, दुर्ग, बिलासपुर और सरगुजा के लगभग 570 खिलाड़ी फुटबॉल, तीरंदाजी और मलखंभ खेलों में अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। प्रोग्राम में मास्टर सामाण्डी ने प्रतियोगिता के उद्घाटन की घोषणा की। इस दौरान खिलाड़ियों द्वारा आकर्षक मार्च पास्ट किया गया।कार्यक्रमों को प्रदर्शित करते हुए नेता प्रतिपक्ष हेमंडी ने कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास एवं भविष्य निर्माण के लिए खेल अत्यंत महत्वपूर्ण हैं। खेल न केवल शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत होते हैं, बल्कि जीवन में आगे बढ़ने की प्रेरणा भी देते हैं। उन्होंने कहा कि समुद्री डाकू के तीरंदाजी और मलखंब खिलाड़ी जैसे खेलों में अद्भुत प्रदर्शन कर नई पहचान बना रहे हैं। उन्हें फोटोग्राफर ने विश्वास दिलाया कि क्षेत्र के खिलाड़ी अपनी उत्कृष्ट प्रतिभा के दम पर जिले और क्षेत्र का नाम, प्रदेश, देश और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन करेंगे। उन्होंने सुझाव दिया कि राज्य सरकार द्वारा खिलाड़ियों को लाइसेंस प्रदान करने के लिए कई सेवाएं प्रदान की जा रही हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के पहले उत्कृष्ट खिलाड़ियों को सरकारी नौकरी भी दी जा रही है। साथ ही अलंकरण सम्मान भी दिया जा रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वतंत्रता दिवस पर दिए गए संदेश में कहा कि वर्तमान समय में मोटापा एक गंभीर समस्या बन रही है और इससे संबंधित सबसे प्रभावी उपाय खेल ही हैं। उन्होंने खिलाड़ियों को खेल भावना के साथ आगे बढ़ने और निर्देश के साथ चुनौती की बात कही। अंत में नेताओं ने सभी कमांडरों के खिलाड़ियों से सामूहिक बातचीत की और उन्हें शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।श्री मनोज जैन ने भी किया उद्घाटन कार्यक्रम का उद्घाटन। इस अवसर पर नगर पालिका परिषद के उपाध्यक्ष श्री जसकेतुण्डी, राज्य तिरंदाजी संघ के उपाध्यक्ष श्री दीपेश अरोरा, जिला शिक्षा अधिकारी श्रीमती भारती प्रधान, स्थानीय नामांकन सहित उपराष्ट्रपति अधिकारी और बड़ी संख्या में उनके नामांकित बच्चे उपस्थित थे।