नगर पालिका कर्मचारियों के हड़ताल पर जाने से शहर की सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है।

प्रमोद दुबे 

महासमुन्द – जगह-जगह कचरो का ढेर लगा हुआ है। नालियां जाम हो गई है, बदबू आना चालू हो गया है, घरों से कचरा का उठाव नहीं हो रहा है , जिससे जनता कचरा को बाहर फेंकना चालू कर दिए हैं।नगर पालिका परिषद महासमुंद के नियमित, प्लेसमेंट और स्वच्छता दीदी आज भी हड़ताल पर बैठे हुए हैं। जिसमें बहुत कर्मचारी नया रायपुर तुता धरना स्थल पर शामिल होने गए हैं और कुछ कर्मचारी स्थानीय पालिका के बाहर अपने 6 सूत्री मांगों को लेकर धरने पर बैठे हुए हैं। कर्मचारी शासन को कोसते हुए नारा लगा रहे हैं। कर्मचारी नेता जय किशन सोनी, और हीरा चौहान ने संयुक्त रूप से कहा कि जब तक शासन कुंभकरणी नींद से नहीं जागती है और हमारी मांगों को पूर्ण नहीं करती है तब तक हम धरने पर बैठे रहेंगे। आम जनता को होने वाली परेशानी से हमें खेद है, परंतु क्या करें सरकार हमारे अधिकारों और न्याय उचित मांगों पर ध्यान ही नहीं दे रही है न हीअभी तक हमारे प्रतिनिधियों को चर्चा के लिए शासन द्वारा बुलाया गया है। अभी तो सिर्फ सफाई व्यवस्था ही प्रभावित हुआ है,अगर आगे यही स्थिति रही तो पानी और बिजली जैसी व्यवस्था को बाध्य करने के लिए हम मजबूर हो जाएंगे। जिसकी संपूर्ण जिम्मेदारी सरकार की होगी। तीन महा पूर्व संचालक नगरी प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा पांच सदस्यीय समिति का गठन कर्मचारियों की मांगों के निराकरण संबंध में किया गया था जो आज तक अपना रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं किया है। आगे कर्मचारी नेताओं ने कहा कि प्रदेश के 184 निकायों के तीनों कर्मचारी संगठन जिसमें नियमित प्लेसमेंट और स्वच्छता दीदी तीनों एक साथ मिलकर संयुक्त मोर्चा का गठन कर अपनी लड़ाई लड़ेंगे और अपनी आवाज बुलंद करेंगे।